Gold Price Today (1 July 2026): जुलाई महीने की शुरुआत सोना खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर लेकर आई है। घरेलू सर्राफा बाजार में लगातार दूसरे दिन सोने की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। वहीं, अंतरराष्ट्रीय बुलियन बाजार में कमजोरी और मजबूत डॉलर के दबाव के चलते गोल्ड की कीमतों पर असर साफ दिखाई दे रहा है।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, वैश्विक स्तर पर कमजोर मांग, डॉलर इंडेक्स में मजबूती और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण सोने की कीमतों में दबाव बना हुआ है।
घरेलू बाजार में सोना हुआ सस्ता
देश के सर्राफा बाजार में आज सोने के दाम में अच्छी-खासी कमी दर्ज की गई है। ताजा रेट के अनुसार 24 कैरेट सोने का भाव 14,013 रुपये प्रति ग्राम पहुंच गया है। वहीं 22 कैरेट सोना 12,845 रुपये प्रति ग्राम पर कारोबार कर रहा है। इसके अलावा 18 कैरेट गोल्ड की कीमत 10,510 रुपये प्रति ग्राम दर्ज की गई है।
24 कैरेट गोल्ड का आज का भाव
आज 24 कैरेट सोने की कीमत 14,013 रुपये प्रति ग्राम है। पिछले कारोबारी दिन की तुलना में इसमें 180 रुपये प्रति ग्राम की गिरावट दर्ज की गई है।
वहीं 10 ग्राम 24 कैरेट सोने का भाव 1,40,130 रुपये है, जो एक दिन पहले के मुकाबले 1,800 रुपये कम है।
22 कैरेट सोने का ताजा रेट
22 कैरेट सोने का भाव आज 12,845 रुपये प्रति ग्राम है। इसमें पिछले दिन की तुलना में 165 रुपये प्रति ग्राम की कमी आई है।
अगर 10 ग्राम की बात करें तो इसका नया रेट 1,28,450 रुपये है, जो पहले के मुकाबले 1,650 रुपये कम है।
MCX पर भी गोल्ड और सिल्वर में कमजोरी
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर भी कीमती धातुओं में दबाव बना रहा। 30 जून के कारोबारी सत्र में अगस्त डिलीवरी वाले गोल्ड फ्यूचर्स में करीब 1.28 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई और यह 1,40,574 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया।
वहीं सितंबर डिलीवरी वाले सिल्वर फ्यूचर्स भी कमजोर रहे और करीब 1.04 फीसदी की गिरावट के साथ 2,20,322 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार करते दिखाई दिए।
क्यों गिर रहे हैं सोने के दाम?
विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों पर कई वैश्विक कारणों का असर पड़ रहा है। मजबूत अमेरिकी डॉलर, वैश्विक आर्थिक संकेतों में कमजोरी और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर बनी अटकलों ने निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया है। इसी वजह से अंतरराष्ट्रीय बुलियन बाजार में कमजोरी देखने को मिल रही है, जिसका असर घरेलू बाजार पर भी दिखाई दे रहा है।
यदि आने वाले दिनों में वैश्विक बाजारों में दबाव बना रहता है, तो सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रह सकता है।

