बीरेंद्र कुमार झा
महाराष्ट्र की राजनीति हर बीतते दिन के साथ एक नया मोड़ लेती दिख रही है। कुछ दिन पहले ही अजित पवार ने एक इंटरव्यू में कहा था कि 2024 के लोकसभा चुनाव तक इंतजार क्यों करना। इस बयान के बाद से यह कयास लगाए जाने लगे थे कि बीजेपी और अजीत पवार के बीच कुछ समझौता हुआ है और ये दोनों मिलकर फिर कुछ करने वाले हैं। इन्ही बयानों को याद दिलाते हुए संजय रावत ने कहा कि एकनाथ शिंदे की नेतृत्व वाली महाराष्ट्र सरकार के खिलाफ डेट वारंट जारी हो चुका है। बीजेपी ने इन्हें बोरिया-बिस्तर समेटने को कहा है। अगले 15 से 20 दिन में शिंदे की सरकार पक्का गिरेगी
संजय राउत ने क्या कहा
संजय राउत ने जलगांव में कहा कि सब अपना-अपना गणित पेश कर रहे हैं। लेकिन हम नतीजे का इंतजार कर रहे हैं। राउत ने कहा मुख्यमंत्री और उनके 40 लोग फिलहाल जो हुकूमत में है, वह अगले 15 से 20 दिनों में जमीन पर आ जाएंगे। मैंने एक बार कहा था कि फरवरी तक सरकार गिर जाएगी, लेकिन कोर्ट का फैसला देर से आ रहा है।
लेकिन यह सरकार टिकने वाली नहीं है। इस सरकार के खिलाफ डेथ वारंट जारी हो चुका है। राउत आगे बोले- अब यह तय हो चुका है, कब, कौन, क्या तय करेगा। राउत का यह बयान तब आया है जब कुछ दिन पहले ही राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेता अजित पवार ने बयान दिया था कि 24 के चुनाव का इंतजार क्यों करना।
सुप्रीम कोर्ट के निर्णय पर हैं सबकी निगाहें
गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र की सत्ता के संघर्ष की सुनवाई 16 मार्च को पूरी होने के बाद मुख्य न्यायाधीश डी चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने फैसला सुरक्षित रख लिया था। इसके बाद महाराष्ट्र की राजनीतिक क्या रुख लेती है, इसे लेकर पक्ष-विपक्ष समेत सभी की निगाहें सुप्रीम कोर्ट के द्वारा दी जाने वाली नतीजों पर टिकी है।
गौरतलब है कि इस मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ , एमआर शाह, कृष्ण मुरारी, हिमा कोहली और नरसिम्हा की 5 सदस्यीय पीठ में हुई है। और यह माना जा रहा है कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद महाराष्ट्र की पॉलिटिक्स में फिर कोई बड़ा भूचाल आ सकता है।
बीते शनिवार को भी संजय राउत ने दावा किया था कि भाजपा ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से अपना बोरिया बिस्तर बांध लेने को कहा है। वह नेशनल कांग्रेस पार्टी के नेता अजित पवार की स्थिति पर मीडिया के सवालों का जवाब दे रहे थे कि वह मुख्यमंत्री पद के लिए दावा करने को तैयार हैं। शुक्रवार को पवार ने कहा था कि न सिर्फ 2024 में, बल्कि अभी भी मैं मुख्यमंत्री बनने को तैयार हूं। इसके बाद से ही अटकलों का बाजार गर्म हो गए थे कि क्या महाराष्ट्र की राजनीति में फिर कोई नया भूचाल आने वाला है।
