न्यूज़ डेस्क
कांग्रेस विपक्षी एकता के तहत राज्यवार सीटों का बंटवारा कैसे हो ,उन राज्यों की क्या चुनौतियाँ हैं और वहां बीजेपी का अभी क्या हाल है इसको लेकर पार्टी के रणनीतिकारों के बीच आज अहम बैठक कर रही है। जानकारी के मुताबिक यह बैठक दोपहर के बाद होगी जिसमे पार्टी के तमाम रणनीतिकार शामिल होंगे। खबर के मुताबिक इस बैठक में खड़गे और राहुल भी शामिल हो सकते हैं हालांकि अभी तक इसकी पुष्ट जानकारी नहीं मिली है। कहा जा रहा है कि पार्टी की इस बैठक में राज्यवार सीटों का आंकलन किया जायेगा और साथ दलों की स्थिति को भी परखा जायेगा। इसके साथ ही उन राज्यों में क्या मुद्दे हो सकते हैं उस पर भी चर्चा होगी। कहा यह भी जा रहा है कि इस नई विपक्षी एकता को यूपीए नाम ही दिया जाए या फिर पीडीए ,इस पर भी मंथन किया जायेगा।
सूत्रों का कहना है कि पटना में हुई बैठक के बाद पार्टी अभी इस रणनीति के साथ आगे बढ़ रही है कि किन मुद्दों के साथ गठबंधन की नई रणनीति का पूरा रोड मैप आगे बनाया जाए। इस संदर्भ में कांग्रेस के कुछ प्रमुख रणनीतिकारों की सोमवार को बैठक तय की गई है। इस बैठक में शामिल होने वाले एक प्रमुख नेता कहते हैं कि बैठक में वैसे तो कई मुद्दों पर चर्चा होनी है। उसमें प्रमुख रूप से शिमला में होने वाली अगली बैठक से पहले पूरी रूपरेखा तैयार कर आलाकमान को सौंपा जाना है। इसके अलावा इस बैठक में केंद्र सरकार की ओर से कांग्रेस शासित राज्यों में जारी योजनाओं में लगाए जाने वाले अड़ंगे को लेकर की चर्चा की जाएगी।
पार्टी से जुड़े एक वरिष्ठ नेता बताते हैं कि लंबे समय से कांग्रेस गठबंधन की सरकारें यूपीए के नाम से ही जानी जाती रहीं हैं। वह कहते हैं कि यूपीए का नाम बदलकर पीडीए किए जाने को लेकर एक महत्वपूर्ण चर्चा पार्टी के नेताओं के भीतर लगातार हो रही है। पार्टी के वरिष्ठ नेता कहते हैं कि यूपीए-1 और यूपीए-2 की सरकारों के बाद पीडीए को लेकर पार्टी के नेताओं में थोड़ी असहजता जरूर देखी जा रही है। हालांकि, पार्टी से जुड़े सूत्रों का कहना है कि राहुल गांधी की ओर से न सिर्फ गठबंधन बल्कि पीडीए को लेकर के भी समर्थन में सहमति जताई गई है। ऐसे में कांग्रेस पार्टी के भीतर सहयोगी गठबंधन के नए नाम को लेकर होने वाली चर्चा विशेष मायने नहीं रखती है। बावजूद इसके होने वाली बैठक में इसको लेकर बातचीत अवश्य की जाएगी।
कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक इस बैठक में शिमला में आयोजित गठबंधन के दलों की अगली बैठक का भी एक रोडमैप में तैयार किए जाने का अनुमान है। इस पूरे मामले में शाम की बैठक में और किन मुद्दों पर चर्चा होगी इसको लेकर तो पार्टी के नेताओं ने खुलकर कोई बात नहीं की, लेकिन यह जरूर कहा कि कांग्रेस की सीटों के समझौते को लेकर भी जरूर चर्चा करेगी। पार्टी से जुड़े सूत्रों का कहना है कि पटना में हुई बैठक के बात सबसे ज्यादा चर्चा कांग्रेस की सीटों को लेकर के की जा रही है। पार्टी के नेताओं के मुताबिक पार्टी किस राज्य में कितनी सीटों के साथ अपने मजबूत तैयारी करेगी उसको लेकर के भी चर्चाएं की जानी हैं।

