Bihar News: CM सम्राट चौधरी का बड़ा फैसला! निवेश और रोजगार बढ़ाने के लिए शुरू होगा ‘डीरेगुलेशन मिशन’

0
25

Bihar News: बिहार को निवेश, उद्योग और रोजगार के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में सभी विभागों को अनावश्यक नियमों, जटिल प्रक्रियाओं और अतिरिक्त अनुपालनों (Compliance) को खत्म करने की दिशा में तेजी से काम करने का निर्देश दिया।

लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में आयोजित बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने Compliance Reduction and Deregulation से जुड़े सुधारात्मक प्रयासों और भविष्य की कार्ययोजना की जानकारी मुख्यमंत्री को दी।

निवेश बढ़ाने और रोजगार सृजन पर सरकार का फोकस

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में निवेश आकर्षित करने, उद्यमिता को बढ़ावा देने और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए प्रक्रियात्मक सुधार बेहद जरूरी हैं।

उन्होंने कहा कि उद्योग, व्यापार और नागरिक सेवाओं को अधिक सरल, पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए केंद्र सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप राज्य में तेजी से सुधार लागू किए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार की भूमिका नागरिकों और उद्यमियों के लिए सुविधाएं उपलब्ध कराने की होनी चाहिए, न कि उन्हें अनावश्यक प्रक्रियाओं में उलझाने की।

अब नहीं लगाने पड़ेंगे बार-बार सरकारी दफ्तरों के चक्कर

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि निवेशकों, उद्योगपतियों, स्टार्टअप्स, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और आम नागरिकों को किसी सेवा के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े।

उन्होंने कहा कि सभी विभाग डिजिटल प्लेटफॉर्म, स्व-प्रमाणन (Self Certification), ऑनलाइन अनुमोदन और समयबद्ध सेवा वितरण प्रणाली को और अधिक मजबूत बनाएं, ताकि सेवाएं तेजी और पारदर्शिता के साथ उपलब्ध कराई जा सकें।

लाइसेंस और अनुमतियों की होगी व्यापक समीक्षा

बैठक में मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को अपने अधीन आने वाले लाइसेंस, अनुमतियों, निरीक्षण प्रक्रियाओं और रिपोर्टिंग आवश्यकताओं की व्यापक समीक्षा करने का निर्देश दिया।

उन्होंने कहा कि विभाग तय समय सीमा के भीतर ऐसे ठोस प्रस्ताव तैयार करें जिनसे प्रक्रियाओं का सरलीकरण किया जा सके और कारोबारियों पर अनावश्यक प्रशासनिक बोझ कम हो।

एक ही जानकारी बार-बार मांगने की व्यवस्था होगी खत्म

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि एक ही सूचना को अलग-अलग स्तरों पर बार-बार मांगने की व्यवस्था समाप्त की जाए।

उन्होंने कहा कि इससे न केवल नागरिकों और उद्यमियों का समय बचेगा बल्कि प्रशासनिक दक्षता भी बढ़ेगी। साथ ही विभागों के बीच समन्वय मजबूत होगा और सेवा वितरण अधिक प्रभावी बनेगा।

बिहार को निवेश के लिए आकर्षक राज्य बनाने की तैयारी

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन सुधारों के लागू होने से राज्य में Ease of Doing Business को बढ़ावा मिलेगा। प्रशासनिक प्रक्रियाएं सरल होंगी, उद्योगों पर अनुपालन का दबाव कम होगा और प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा मिलेगा।

उन्होंने विश्वास जताया कि इन कदमों से बिहार निवेश और औद्योगिक विकास के लिए देश के सबसे आकर्षक राज्यों में शामिल हो सकेगा।

कई विभागों की हुई समीक्षा

बैठक में उद्योग विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग, श्रम संसाधन विभाग, कृषि विभाग, ऊर्जा विभाग, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, पर्यटन विभाग, उच्च शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग, सामान्य प्रशासन विभाग तथा फायर सर्विसेज से संबंधित विषयों की समीक्षा की गई।

बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल, उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह, नगर विकास मंत्री नीतीश मिश्रा, पर्यावरण मंत्री डॉ. रामचंद्र प्रसाद, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

कारोबार सुगमता और विकास को मिलेगा नया आयाम

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि सरकार द्वारा प्रस्तावित सुधार प्रभावी ढंग से लागू किए जाते हैं तो बिहार में निवेश का माहौल बेहतर होगा, उद्योगों को नई गति मिलेगी और रोजगार के अवसरों में भी उल्लेखनीय वृद्धि हो सकती है।

सरकार का उद्देश्य स्पष्ट है—कम नियम, ज्यादा पारदर्शिता और तेज सेवा वितरण के माध्यम से बिहार को निवेश और उद्यमिता का मजबूत केंद्र बनाना।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here