उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की तारीखों की घोषणा से पहले पोस्टर वार शुरू हो चुका है।राजधानी लखनऊ की सड़कों के किनारे लगे कांग्रेस के 200 पार सीटों के दावे वाले पोस्टरों को पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भाजपा की साजिश बता रहे हैं। अखिलेश यादव ने पोस्टरों के बहाने न केवल बीजेपी पर निशाना साधा है, बल्कि नगर निकाय अधिकारियों को भी चेतावनी दी है कि उनकी सरकार आने पर वे इन अधिकारियों से पक्का हिसाब करेंगे।
अखिलेश यादव ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ”‘गठबंधन’ से बीजेपी के पेट में हुआ दर्द, ‘नकली पोस्टर’ लगा रही, इतना गई डर।उप्र के म्युनिसिपल उच्चाधिकारियों को निलंबित कर देना चाहिए क्योंकि कुछ लोग बिना पैसा जमा किए सरेआम पोस्टर लगवा रहे हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। या तो इसका आधार भ्रष्टाचार है या शासन का दबाव। इन अज्ञात पोस्टरों को जब चोरी-छिपे लगाया जाता है तो स्थानीय राजस्व की हानि भी होती है, क्योंकि ऐसे पोस्टर बिना शुल्क के लगाए जाते हैं। अगर शुल्क का आधिकारिक भुगतान किया गया होता तो उसकी रसीद भी काटनी पड़ती। ऐसे में साजिशकर्ता का नाम सामने आ जाता और वह पकड़ा जाता। राजस्व की इस हानि की भरपाई संबंधित अधिकारियों से करवानी चाहिए और उनके खिलाफ जांच बैठाकर उन्हें निलंबित भी कर देना चाहिए।
अखिलेश यादव ने आगे लिखा कि ऐसी जितनी भी घटनाएं हो रही हैं, हम उनका तारीखवार रिकॉर्ड रख रहे हैं और यह भी दर्ज कर रहे हैं कि उस समय कौन अधिकारी इसके लिए जिम्मेदार था।उत्तर प्रदेश में पीडीए सरकार आ रही है।वही इन भ्रष्ट अधिकारियों का सारा कच्चा-चिट्ठा खोलेगी। ED, CBI से लेकर EOW तक सभी एजेंसियों को सक्रिय करके इन भ्रष्ट अधिकारियों का पूरा हिसाब-किताब किया जाएगा।
दरअसल, उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के बीच अभी तक गठबंधन का औपचारिक ऐलान नहीं हुआ है। दोनों पार्टियों के बीच सीट बंटवारे को लेकर आए दिन नए बयान सामने आ रहे हैं। इसी बीच लखनऊ में लगे एक बड़े पोस्टर पर लिखा है। 200 सीट हक है हमारा, यूपी को है राहुल गांधी पर भरोसा। पोस्टर में सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत स्थानीय कांग्रेस नेताओं की तस्वीरें भी लगी हुई हैं।

