वीरेंद्र कुमार झा
महाराष्ट्र की राजनीति एक बार फिर से गरमाने लगी है।विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अजीत पवार ने रविवार को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) विधायकों की आपात बैठक बुलाई है। यह बैठक एनसीपी प्रदेश (महाराष्ट्र ) अध्यक्ष का पद नहीं मिलने पर उनकी नाखुशी की अफवाहों के बीच हुई है । यह पहले 6 जुलाई को एनसीपी प्रमुख शरद पवार की उपस्थिति में होने वाली थी जो इस समय पुणे में है। इसके बाद राज्य में एनसीपी के प्रदेश अध्यक्ष को बदलने की चर्चा शुरू हो गई है ।एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल और सांसद सुप्रिया सुले देवगिरी के बंगले पर पहुंच चुके हैं ।
प्रदेश अध्यक्ष बनने की चाहत
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेता और विधानसभा में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेताऔर विधानसभा मेंराष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के नेता और विधानसभा में विपक्ष के नेता अजित पवार ने परोक्ष रूप से नया प्रदेश अध्यक्ष बनने की इच्छा व्यक्त करते हुए कहा था कि वह विपक्ष के नेता का पद नहीं ,बल्कि संगठनात्मक पद चाहते हैं। इसके बाद इस पर चर्चा शुरू हो गई।एनसीपी विधायक, जिला अध्यक्ष देवगिरी में प्रवेश कर चुके हैं ।एनसीपी के वरिष्ठ नेता दिलीप वलसे पाटील हसन मुश्रीफ अजित पवार के बंगले पर पहुंच चुके हैं ।सांसद अमोल कोल्हे भी वहां पहुंचे हैं।
पूरा हो चुका है जयंत पाटील का कार्यकाल
वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष जयंत पाटिल ने अपना 5 साल 2 महीने का कार्यकाल पूरा कर लिया है वर्तमान पार्टी के संविधान के मुताबिक कोई भी व्यक्ति 3 साल से ज्यादा किसी पद पर नहीं रह सकता है ,इसलिए एनसीपी में प्रदेश अध्यक्ष बदलने की कवायद से शुरू हो गई है सवाल सिर्फ यह है कि अगर अजित पवार को प्रदेश अध्यक्ष पद मिलता है ,तो विपक्ष के नेता और मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष जयंत पाटील के पद का क्या होगा।
छगन भुजबल भी मांग रहे हैं बड़ा पद
एक तरफ अजीत पवार ने परोक्ष रूप से प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी की मांग की है तो दूसरी तरफ ओबीसी नेता छगन भुजबल ने मांग की है कि अगर विपक्ष के नेता का पद मराठा समुदाय के पास है, तो प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी किसी ओबीसी नेता को दी जानी चाहिए। फिलहाल पार्टी के अंदरूनी चुनाव चल रहे हैं और संभावनाएं उसके बाद ही क्षेत्रीय अध्यक्ष का फैसला होगा।अगस्त महीने में एनसीपी को नया प्रदेश अध्यक्ष मिलने की संभावना है। इस संबंध में निर्णय लेने के लिए आज पार्टी के भीतर वरिष्ठ नेताओं की एक बैठक आयोजित की गई है।
अगर अगले 2 महीने में नया प्रदेश अध्यक्ष चुन लिया जाता है तो मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष जयंत पाटील का क्या होगा? क्या पार्टी पाटिल को कोई और जिम्मेदारी देगी या जयंत पाटिल कोई और रास्ता रास्ता चुन लेंगे ? महाराष्ट्र की राजनीती में हर इस सवाल का जवाब ढूंढ रहा है।

