बीरेंद्र कुमार झा
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली को लेकर आए केंद्र सरकार के अध्यादेश के मामले में कांग्रेस आम आदमी पार्टी का साथ दे सकती है। इस मुद्दे पर भले ही कांग्रेस की दिल्ली यूनिट केजरीवाल सरकार पर हमला बोल रही हो, लेकिन सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार संसद में कांग्रेस इस मुद्दे पर ‘ आप’ का साथ दे सकती है। हालांकि अभी इस मामले में कांग्रेस पार्टी ने कोई अंतिम फैसला नहीं लिया है।कांग्रेस आने वाले संसद के मानसून सत्र में ही इस पर कोई निर्णय लेगी।
साथ देने का दे रहे संदेश
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने एक ऐसा बयान दिया है जिससे अटकल लगाई जा रही है कि कांग्रेस ने अध्यादेश पर दिल्ली सरकार का साथ देने का मन बना लिया है। शनिवार को एक संवाददाता सम्मेलन में जयराम रमेश ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने हमेशा राज्यों में निर्वाचित सरकारों के संघीय ढांचे पर किसी भी प्रकार के हमले का विरोध किया है और वह संसद के अंदर और संसद के बाहर ऐसा करना जारी रखेगी। भले ही कांग्रेस नेता के इस बयान में साफ तौर पर यह नहीं कहा गया है कि कांग्रेस दिल्ली में आम आदमी पार्टी का केंद्र के अध्यादेश पर समर्थन करेगी लेकिन इससे ऐसा कयास लगाए जाने लगा है।
आप अध्यादेश मामले पर समर्थन जुटाने के लिए बना रही है दबाव
गौरतलब है कि आम आदमी पार्टी ने केंद्र सरकार द्वारा कुछ समय पहले लाए गए अध्यादेश का पुरजोर विरोध किया था। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कई राज्यों के नेताओं से भी मुलाकात करते हुए उन्हें अध्यादेश का विरोध करने के लिए तैयार किया था। यहां तक कि 23 जून को पटना में हुई विपक्षी दलों की बैठक में भी इसका जिक्र किया गया था। कांग्रेस शुरुआत से ही कह रही है कि चुकी यह संसद का मामला है,इसलिए संसद सत्र आने पर ही इस पर कोई फैसला लिया जाएगा। वही आम आदमी पार्टी का कहना है कि अगर कांग्रेस नेता ने अध्यादेश मामले पर अपना रूख साफ नहीं किया तो आम आदमी पार्टी बेंगलुरु में आयोजित होने वाली विपक्षी दलों की अगली बैठक का हिस्सा नहीं बनेगी।
मानसून सत्र के लिए कांग्रेस ने बनाई रणनीति
कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी की कांग्रेस के संसदीय समूह की बैठक के बाद मुख्य विपक्षी दल के महासचिव जयराम रमेश ने बयान दिया।उन्होंने कहा के कांग्रेस मानसून सत्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मणिपुर के मामले पर स्पष्टीकरण की मांग करेगी। सोनिया गांधी के आवास पर हुई इस बैठक में पार्टी अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे तथा पार्टी के वरिष्ठ नेता शामिल हुए। जयराम रमेश ने संवाददाताओं से कहा कि करीब 2 घंटे की इस बैठक में नेशन सत्र में सरकार की ओर से पेश होने वाले विधेयकों और हमारी ओर से उठाए जाने वाले मुद्दों पर चर्चा हुई।।
