जुलाई से अमरनाथ यात्रा 2026 की शुरुआत होने जा रही है। इससे पहले एक अहम और महत्वपूर्ण खबर सामने आई है।अमरनाथ यात्रा 2026 के दौरान भगवान शिव के हर भक्त का हेल्थ इंश्योरेंस दोगुना कर दिया गया है।इस साल अमरनाथ यात्रा पर आने वाले हर यात्री के लिए हेल्थ केयर को आसान बनाने के लिए हजारों हेल्थ अधिकारियों को तैनात किया गया है।
गौरतलब है कि अमरनाथ यात्रा से जुड़ी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं।कश्मीर में बर्फ हटाने का काम पूरा होने के बाद पवित्र गुफा तक जाने वाले दोनों रास्ते खोल दिए गए हैं।दोनों रास्तों, बेस कैंप और ट्रांजिट कैंप पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
बता दें कि अमरनाथ यात्रा से जुड़ी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं।कश्मीर में बर्फ हटाने का काम पूरा होने के बाद पवित्र गुफा तक जाने वाले दोनों रास्ते खोल दिए गए हैं।दोनों रास्तों, बेस कैंप और ट्रांजिट कैंप पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
यात्रियों को पर्याप्त सुरक्षा देने के अलावा अधिारियों के लिए एक बड़ी चुनौती इस साल कश्मीर का अस्थिर मौसम है।विशेष रूप पहाड़ी इलाकों में जहां पर हमेशा ओलावृष्टि और बारिश होती है।यात्रियों को सुरक्षित और स्वस्थ रखने के लिए अधिकारियों ने उनकी हेल्थ केयर पर बहुत ज्यादा ध्यान दिया है।
हर रजिस्टर्ड यात्री का हेल्थ इंश्योरेंस 5 लाख से बढ़ाकर 10 लाख कर दिया गया है और उन्हें यह बिना किसी प्रीमियम के मिलेगा।अधिकारियों ने इस साल की यात्रा पर आने वाले सभी यात्रियों के लिए हेल्थ केयर को आसान बनाया है। कश्मीर घाटी में सिविल प्रशासन ने यह पक्का करने के लिए बहुत कोशिशें की हैं कि यात्री आराम और सुरक्षा के साथ सालाना यात्रा कर सकें।
इस साल की मुख्य पहल यात्रियों के लिए इंश्योरेंस कवरेज को बढ़ाना है।अधिकारियों ने अमरनाथ यात्रियों के लिए लाइफ इंश्योरेंस कवर को ₹5 लाख से बढ़ाकर ₹10 लाख कर दिया है, जिससे पवित्र यात्रा करने वाले भक्तों को ज्यादा फाइनेंशियल सुरक्षा मिलेगी।
बढ़े हुए इंश्योरेंस कवर के अलावा, पूरी यात्रा के दौरान सभी यात्रियों के लिए मुफ्त मेडिकल सेवाएं उपलब्ध होंगी।जरूरत पड़ने पर तुरंत मेडिकल मदद देने के लिए दोनों रास्तों पर एक-एक करके दो 100-बिस्तरों वाले अस्पताल भी बनाए गए हैं, साथ ही यात्रियों के लिए 24 घंटे 4×4 एम्बुलेंस भी उपलब्ध रहेंगी।
कश्मीर के डिविजनल कमिश्नर अंशुल गर्ग ने कहा कि सभी तीर्थयात्रियों को हेल्थ इंश्योरेंस दिया जा रहा है। RFID कार्ड रखने वाले हर यात्री को अपने-आप इंश्योरेंस स्कीम का फायादा मिलेगा।पहले इंश्योरेंस कवर ₹5 लाख था; अब इसे हर यात्री के लिए बढ़ाकर ₹10 लाख कर दिया गया है।
उन्होंने बताया कि हमने बेस कैंप से पवित्र गुफा तक के रास्ते समेत हर जगह डॉक्टर और पैरामेडिक्स तैनात किए हैं। स्पेशलिस्ट और सुपर-स्पेशलिस्ट डॉक्टर भी लगाए गए हैं।इसके अलावा, यात्रा के दौरान कश्मीर और जम्मू दोनों जगहों से कई वॉलंटियर डॉक्टर हमारे साथ जुड़े हैं।
अधिकारियों के मुताबिक, पवित्र गुफा मंदिर तक जाने वाले पहलगाम और बालटाल, दोनों रास्तों पर समय से पहले ही सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम कर लिए गए हैं और गुफा तक का रास्ता समय से पहले ही खोल दिया गया है। यात्रा के लिए जरूरी हर तरह का इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर लिया गया है।
कश्मीर के डिविजनल कमिश्नर अंशुल गर्ग ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के उप-राज्यपाल ने फरवरी में ही यात्रा की तैयारियों की समीक्षा शुरू कर दी थी और तब से हम यात्रा को सफल बनाने के लिए लगातार समीक्षा बैठकें कर रहे हैं। हम सभी स्टेकहोल्डर्स के साथ बातचीत कर रहे हैं, जिनमें नुनवान और बालटाल बेस कैंप के लोग, होटल ऑपरेटर, ट्रैवल ऑपरेटर और यात्रा से जुड़े स्थानीय लोग शामिल हैं।
आगे बताया कि हम हर साल सुविधाओं को बेहतर बनाने की कोशिश करते हैं और इस साल भी ऐसा ही किया जा रहा है। यात्रा शुरू होने से पहले ही सुरक्षा के इंतजाम कर लिए गए हैं।तालमेल बिठाने की प्रक्रिया चल रही है, माउंटेन रेस्क्यू टीमों को रवाना कर दिया गया है, मौसम की जानकारी देने वाली टीमें सक्रिय हैं और पवित्र गुफा तक पूरे रास्ते में लगाए गए सर्विलांस कैमरा नेटवर्क को पूरी तरह से चालू कर दिया गया है।

