Mohammed Shami Test Retirement: भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है। करीब एक दशक से ज्यादा समय तक भारतीय टेस्ट टीम का हिस्सा रहे शमी अब क्रिकेट के इस लंबे प्रारूप में खेलते नजर नहीं आएंगे। हालांकि, उन्होंने साफ कर दिया है कि व्हाइट बॉल क्रिकेट में उनका सफर जारी रहेगा।
शमी ने अपना आखिरी टेस्ट मुकाबला 2023 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला था। चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के बाद से उन्हें टीम इंडिया की ओर से खेलने का मौका नहीं मिला है। फिलहाल वह घरेलू क्रिकेट में सक्रिय हैं और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के लिए बंगाल की टीम में शामिल किए गए हैं।
भावुक पोस्ट के जरिए किया संन्यास का ऐलान
टेस्ट क्रिकेट से विदाई लेते हुए शमी ने सोशल मीडिया पर एक भावुक संदेश साझा किया। उन्होंने लिखा कि सफेद जर्सी को छोड़ना उनके लिए आसान नहीं है, लेकिन इस सफर से जुड़ी यादें हमेशा उनके साथ रहेंगी।
शमी के मुताबिक, पहली बार भारत की टेस्ट जर्सी पहनना उनके लिए एक सपना सच होने जैसा था। मैदान पर मिले विकेट, मुश्किल दौर, चोटों से जूझना और वापसी करना उनके क्रिकेट जीवन के अहम अनुभव रहे हैं।
उन्होंने अपने साथियों, कोचों, परिवार, प्रशंसकों, BCCI और बंगाल क्रिकेट एसोसिएशन (CAB) का भी आभार जताया। शमी ने कहा कि भले ही टेस्ट क्रिकेट में उनकी आखिरी गेंद फेंकी जा चुकी है, लेकिन देश के लिए खेलने का सम्मान हमेशा उनके दिल में रहेगा।
ऐसा रहा शमी का टेस्ट करियर
मोहम्मद शमी ने 2013 में वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण किया था। अपने करियर में उन्होंने भारत के लिए कुल 64 टेस्ट मुकाबले खेले और 27.71 की औसत से 229 विकेट हासिल किए।
इस दौरान शमी ने छह बार एक पारी में पांच या उससे अधिक विकेट लेने का कारनामा भी किया। अब टेस्ट क्रिकेट से विदाई के बाद उनके प्रशंसकों की नजरें वनडे और टी20 क्रिकेट में उनके अगले प्रदर्शन पर रहेंगी।

