Ajinkya Rahane Retirement: भारतीय क्रिकेट के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में गिने जाने वाले अजिंक्य रहाणे ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया है। करीब डेढ़ दशक तक टीम इंडिया की सेवा करने के बाद उन्होंने अपने इंटरनेशनल करियर को विराम देने का फैसला किया। इस घोषणा के साथ भारतीय क्रिकेट के एक यादगार अध्याय का भी समापन हो गया।
रहाणे ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो साझा करते हुए अपने प्रशंसकों, साथियों और शुभचिंतकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने लिखा, “आप सभी के प्यार, भरोसे और लगातार मिले समर्थन के लिए दिल से धन्यवाद। कैप नंबर 278, साइनिंग ऑफ।”
भावुक संदेश में क्या बोले अजिंक्य रहाणे?
अपने वीडियो संदेश में रहाणे ने कहा कि हर सफर की एक शुरुआत और एक मंजिल होती है और अब उन्हें लगता है कि आगे बढ़ने का समय आ गया है। उन्होंने अपने शुरुआती दिनों को याद करते हुए बताया कि डोंबिवली से अभ्यास के लिए लंबा सफर तय करने वाले एक युवा खिलाड़ी का सबसे बड़ा सपना भारत की जर्सी पहनना था, जो आखिरकार पूरा हुआ।
उन्होंने कहा कि अपने पूरे क्रिकेट करियर में उन्होंने हमेशा देश और टीम के हित को व्यक्तिगत उपलब्धियों से ऊपर रखा। ईमानदारी, समर्पण और सही सोच के साथ खेलना ही उनकी सबसे बड़ी उपलब्धि रही।
शानदार रहा अंतरराष्ट्रीय करियर
अजिंक्य रहाणे ने साल 2011 में इंग्लैंड दौरे पर भारत के लिए वनडे क्रिकेट में पदार्पण किया। इसके बाद 2013 में उन्हें टेस्ट क्रिकेट में खेलने का मौका मिला और उन्होंने अपनी तकनीक व धैर्यपूर्ण बल्लेबाजी से खास पहचान बनाई।
अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में उन्होंने भारत के लिए 85 टेस्ट, 90 वनडे और 20 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले।
टेस्ट क्रिकेट में उनके नाम 5,077 रन दर्ज हैं, जिसमें 12 शतक और 26 अर्धशतक शामिल हैं। वहीं वनडे क्रिकेट में उन्होंने 2,962 रन बनाए और कई अहम मौकों पर टीम को मजबूत शुरुआत दिलाई।
ऑस्ट्रेलिया में रचा था इतिहास
अजिंक्य रहाणे के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में 2020-21 का ऑस्ट्रेलिया दौरा हमेशा याद किया जाएगा। नियमित कप्तान विराट कोहली की गैरमौजूदगी में उन्होंने युवा भारतीय टीम की कमान संभाली और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी जीतकर इतिहास रच दिया।
इस यादगार जीत ने रहाणे को भारतीय क्रिकेट के सबसे सफल और शांत स्वभाव वाले कप्तानों की सूची में विशेष स्थान दिलाया।
क्रिकेट से रिश्ता रहेगा कायम
संन्यास की घोषणा करते हुए रहाणे ने साफ किया कि भले ही उनका अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर समाप्त हो गया हो, लेकिन क्रिकेट से उनका रिश्ता आगे भी बना रहेगा। उन्होंने कहा कि अब उनका उद्देश्य नई पीढ़ी के खिलाड़ियों का मार्गदर्शन करना और अपने वर्षों के अनुभव को उनके साथ साझा करना है।
आईपीएल में भी छोड़ी गहरी छाप
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के साथ-साथ इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में भी अजिंक्य रहाणे का करियर बेहद सफल रहा। उन्होंने अब तक 212 आईपीएल मुकाबलों में हिस्सा लिया और राजस्थान रॉयल्स, राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स, दिल्ली कैपिटल्स, कोलकाता नाइट राइडर्स और चेन्नई सुपर किंग्स समेत कई फ्रेंचाइजी का प्रतिनिधित्व किया।
साल 2023 में उन्होंने चेन्नई सुपर किंग्स के साथ अपना पहला आईपीएल खिताब जीता। इसके बाद आईपीएल 2025 में वह दोबारा कोलकाता नाइट राइडर्स से जुड़े और बाद में टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी भी संभाली।
अजिंक्य रहाणे के इंटरनेशनल करियर पर एक नजर
- अंतरराष्ट्रीय करियर: लगभग 15 वर्ष
टेस्ट मैच: 85
वनडे मैच: 90
टी20 इंटरनेशनल: 20
टेस्ट रन: 5,077
टेस्ट शतक: 12
टेस्ट अर्धशतक: 26
वनडे रन: 2,962
2020-21 बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी विजेता कप्तान
आईपीएल मैच: 212
आईपीएल 2023 चैंपियन (चेन्नई सुपर किंग्स)

