संसद के मॉनसून सत्र में सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध जारी है।संसद में जारी गतिरोध को खत्म करने के लिए अब सरकार सीधे विपक्ष से बात कर रही है। सरकार से जुड़े सूत्रों ने बताया है कि सरकार लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के संपर्क में है।
बताया जा रहा है कि संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू और राहुल गांधी के बीच फिर बात हुई है। मौजूदा मॉनसून सत्र के दौरान सरकार और राहुल गांधी के बीच यह तीसरी बातचीत थी।इससे पहले बुधवार को भी रिजिजू और राहुल गांधी के बीच बातचीत हुई थी।
मॉनसून सत्र में अब एक हफ्ता ही बचा और सरकार परिसीमन बिल लाना चाह रही है। बजट सत्र में विपक्ष के विरोध के कारण परिसीमन बिल पास नहीं हो पाया था।
किरन रिजिजू ने राहुल गांधी से बात कर परिसीमन बिल पर समर्थन मांगा है।बुधवार को भी इसी मुद्दे पर बातचीत हुई थी।
सूत्रों ने बताया कि राहुल गांधी ने रिजिजू से कहा कि कांग्रेस फैसला लेने से पहले इंडिया ब्लॉक के सहयोगियों से सलाह-मशविरा करेगी।राहुल गांधी ने कहा कि सहयोगियों से बातचीत के बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा। सूत्रों का यह भी कहना है कि सरकार कांग्रेस से बातचीत कर रही है, क्योंकि वही मुख्य विपक्षी पार्टी है।
केंद्र सरकार पहले ही परिसीमन बिल को लेकर कई राजनीतिक पार्टियों के साथ चर्चा कर चुकी है। बताया जा रहा है कि सरकार इंडिया ब्लॉक की पार्टियों- समाजवादी पार्टी, डीएमके और एनसीपी (एसपी) के साथ भी संपर्क बनाए हुए है। सूत्रों ने बताया कि डीएमके ने अपने राज्य के हितों को लेकर सरकार से आश्वासन मांगा है।
लोकसभा सीटों के परिसीमन के लिए सरकार परिसीमन बिल लेकर आई है। इसके लिए संविधान में संशोधन करना होगा। इस बिल में लोकसभा सीटों की संख्या 543 से बढ़ाकर 850 करने का प्रस्ताव है।इस बिल के पास होने के बाद लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं को 33% आरक्षण दिया जाएगा।
ये एक संविधान संशोधन बिल है, इसलिए इसे दो-तिहाई बहुमत से पास होना जरूरी है। अप्रैल में बजट सत्र के दौरान जब इस बिल को लोकसभा में पेश किया गया था, तो इसके पक्ष में 298 और विरोध में 230 वोट पड़े थे।

