लोकसभा में बजट सत्र के 5वें दिन सदन में जमकर हंगामा हुआ।नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सदन में फिर पूर्व आर्मी चीफ एमएम नरवणे की किताब का जिक्र कर दिया। राहुल को रोकने की कोशिश की गई, जिस पर विपक्षी सांसदों ने शोर मचा दिया। इस दौरान एक सांसद ने चेयर को यार कह दिया।
3 फरवरी 2026 को लोकसभा की कार्यवाही तीन बार स्थगित हुई। दोपहर 3 बजे सदन शुरू होने पर उप सभापति कृष्णा प्रसाद टेनेटी ने सदन में अनुशासन की याद दिलाई। जब कोई सदस्य चेयर को ‘यार’ कहकर संबोधित कर रहा था, तो उन्होंने कहा, ‘अभी आपने क्या कहा… यह क्या है यार… यह संसद है, लोकसभा है… आप चेयर को यार नहीं कह सकते।यह टिप्पणी राहुल गांधी और कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल की ओर इशारा करते हुए कही गई, जिससे सदन में और हलचल मची।
इसके बाद सदन को कल तक के लिए स्थगित कर दिया। साथ ही चेयर पर पेपर उछालने की वजह से 8 सांसदों को पूरे सत्र के लिए लोकसभा से निलंबित भी किया गया है। इनमें कांग्रेस के 7 सांसद अमरिंदर सिंह राजा वडिंग, प्रशांत परोले, हिबी ईडन, गुरजीत औजला, डीन कोरियोकोज, मणिकम टैगोर, किरण कुमार रेड्डी और एक माकपा सांसद एस वेंकटेशन शामिल हैं।
सांसदों को सस्पेंड करने पर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी सदन के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं। कांग्रेस से निलंबित सांसद राजा बरार ने मिडिया को बताया कि जैसे ही PM, चीन और डोकलाम का नाम आया तो बीजेपी के सांसद शोर करने लगे। स्पीकर ने माइक बंद करके दूसरे सांसद को बोलने के लिए कहा।हमने कहा यह गलत है।बरार ने कहा कि हमें सस्पेंड कराकर आप विपक्ष की आवाज दबाना चाहते हैं।
राहुल ने 3 फरवरी 2026 को दोपहर 2 बजे पूर्व आर्मी चीफ की अनपब्लिश्ड बुक के आर्टिकल को सदन में पेश किया और कहा, ‘मुझे बोलने दिया जाए। उनके यह कहते ही NDA के सांसदों ने टोकना शुरू कर दिया।आज वे 14 मिनट तक बोलने की कोशिश करते रहे। जनरल नरवणे की किताब अभी प्रकाशित नहीं हुई है, लेकिन दिसंबर 2023 में कुछ अंश न्यूज एजेंसी और मीडिया में आए थे।
एक मैगजीन ने हाल ही में इस किताब पर एक लेख प्रकाशित किया, जिसमें 2020 के गलवान संघर्ष के दौरान राजनीतिक फैसलों पर सवाल उठाए गए हैं। राहुल गांधी ने इसे प्रमाणित किया और कहा कि उनके पास इसकी जानकारी सही है। कांग्रेस का कहना है कि सरकार नियमों का दुरुपयोग कर विपक्ष के नेता को चुप करा रही है।
