स्वामी प्रसाद मौर्य के साथ अखिलेश यादव हैं तो मेरे पास बांके बिहारी हैं ,सपा नेत्री ने किया ऐसा ट्ववीट

0
134
  • बीरेंद्र कुमार झा

समाजवादी पार्टी की नेत्री रोली मिश्रा तिवारी सोशल मीडिया पर समाजवादी पार्टी के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य पर लगातार निशाना साध रही हैं। उनके द्वारा रामचरितमानस पर दिए गए बयान को लेकर रोली मिश्रा का कहना है कि उन्होंने ब्राह्मणों का अपमान किया है। उन्होंने सपा प्रमुख अखिलेश यादव का जिक्र करते हुए एक ट्ववीट किया। जिस पर लोग कई तरह के कमेंट करते नजर आ रहे हैं।

सपा नेत्री ने स्वामी प्रसाद मौर्य पर किया यह ट्ववीट

सपा नेत्री रोली मिश्रा तिवारी ने लिखा कि स्वामी प्रसाद मौर्य के साथ अखिलेश जी हैं, मेरे पास बांके बिहारी हैं, अब देखना ये है कौन सा “अहीर का छोरा” किस पर भारी है।इसके साथ उन्होंने लिखा कि जब से मैंने श्रीरामचरितमानस के समर्थन में बोला है, तब से पार्टी का एक झुंड मुझ पर निम्नता की हद तक हमलावर है। इतना विरोध देखकर लग रहा है, मैं भारत में नहीं बल्कि पड़ोसी मुल्क़ में रह रही हूं। उन्होंने स्वामी प्रसाद मौर्य का एक पुराने बयान का जिक्र कर पूछा- इस श्रीराम द्रोही को कैसे स्वीकार करूँ मैं?

मुलायम सिंह यादव स्वामी प्रसाद मौर्य से घृणा करते थे।

स्वामी प्रसाद मौर्य के साथ अखिलेश यादव तो मेरे पास बांके बिहारी हैं ट्वीट पर, लोगों के उठाये सवाल पर सपा नेत्री रोली मिश्रा ने हाल में ही स्वामी प्रसाद मौर्य पर निशाना साधते हुए लिखा था कि मुलायम सिंह यादव, स्वामी प्रसाद मौर्य से घृणा करते थे।

लोगों ने उठाये ऐसे सवाल।

रोली मिश्रा द्वारा किये गए ट्ववीट पर कई सपा नेताओं ने ही सवाल उठाये हैं। सपा नेत्री जूही सिंह ने लिखा है कि यह संबोधन बिलकुल अनुचित और अस्वीकार्य है।अपने नेता को संबोधित करने की एक मर्यादा होती है। आपका कथन इस मर्यादा को तोड़ता है। याद रखना चाहिए की अखिलेश यादव हमारे सर्वोच नेता हैं। आपसे यह उम्मीद नहीं थी।बांके बिहारी को जाति की परिधि तक सीमित करना भी प्रशंसा का कार्य नहीं है।

अहीर का छोरा पर उठा सवाल

Shwetaraiii नाम के एक ट्विटर हैंडल से आपत्ति करते हुए कहा गया कि आप राजनीति करिए ,लेकिन इस तरह की भाषा का प्रयोग करके नहीं।बांके बिहारी का नाम लेकर तुलना और जातिगत टिप्पणी नहीं होनी चाहिए।श्री कृष्ण सबके साथ हैं उनको किसी जाति विशेष का मत बनाइए।वो इसलिए पूजे जाते हैं क्योंकि वे भगवान है।

रोली मिश्रा का स्पष्टीकरण

इस ट्विटर के जवाब में रोली मिश्रा ने जवाब दिया कि भगवान श्रीकृष्ण को ब्रजभाषा में “अहीर का छोरा” बोला जाता है। अवधी में जैसे ताड़ना का अर्थ प्रताड़ना नहीं होता, ऐसे ही ब्रजभाषा में “अहीर के छोरे” का अर्थ गलत नहीं बल्कि वात्सल्यपूर्ण नटखट करनेवाले कृष्ण कन्हैया हैं। मैंने तो अपने सर्वोच्च नेता की तुलना यदुवंशी भगवान श्रीकृष्ण से की है।

गौरतलब है कि इससे पहले रोली मिश्रा ने स्वामी प्रसाद मौर्य पर कटाक्ष करते हुए लिखा था कि नेताजी आदरणीय श्री मुलायम सिंह यादव जी, स्वामी प्रसाद मौर्याजी से बेहद घृणा करते थे क्योंकि उन्होंने बसपा में रहकर कई बार हमारे आदरणीय नेता जी का घोर अपमान और विरोध किया था। आज नेताजी स्वर्ग में प्रसन्न होकर मुझे आशीर्वाद दे रहे होंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here