बीरेंद्र कुमार झा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पुणे में लोकमान्य तिलक अवार्ड से सम्मानित किया गया है। इस मौके पर शरद पवार भी पुणे में तिलक स्मारक ट्रस्ट के आयोजन में मौजूद रहे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब मंच पर पहुंचे तो शरद पवार से उनकी मुलाकात हुई। इस दौरान शरद पवार ने लंबे समय तक उनका हाथ थामे रखा। इसके बाद जब प्रधानमंत्री सुशील कुमार शिंदे से मिलने के लिए बढ़े तो शरद पवार उनकी पीठ थपथपाते दिखे। यही नहीं जब उनके बोलने की बारी आई तो उन्होंने ऐसा कोई भी शब्द नहीं कहा जिसके बारे में पहले से चर्चा हो रही थी कि वे मोदी को लोकतंत्र से जुड़े किसी मामले में कुछ सीख देने जैसी बातें कर सकते हैं।
नरेंद्र मोदी और शरद पवार के बीच मंच पर रिश्ते सौहार्दपूर्ण
मंच पर मुलाकात से लेकर भाषण तक में शरद पवार और नरेंद्र मोदी के बीच सौहार्दपूर्ण रिश्ते दिखे। इसे लेकर फिलहाल कई तरह के कयास लगाया जाने लगा है। इसकी वजह यह है कि भतीजे अजीत पवार के बगावत के बाद भी शरद पवार बहुत आक्रामक नहीं है। वह बीजेपी पर भी तीखे हमले नहीं कर रहे हैं। यही नहीं पिछले दिनों विधानसभा में शरद पवार के करीबी जयंत पाटील और अजित पवार के नजदीकी सुनील तटकरे भी गले मिलते दिखे थे। दोनों के बीच लंबी बातचीत भी हुई थी।शरद पवार और अजीत पवार खेमे में से किसी ने भी अभी तक 36 विधायकों का शक्ति प्रदर्शन नहीं किया है और न ही किसी को इस बारे में जल्दी दिख रही है।
शरद पवार के अगले एक्शन को लेकर लगते रहे हैं कयास
शरद पवार को लेकर पहले से ही अनुमान लगाया जा रहा है कि शायद शरद पवार की शह पर ही यह सब कुछ हुआ है। इसके द्वारा वे मौका और माहौल देख रहे हैं। यदि 2024 से पहले तक बीजेपी मजबूत दिखती है, तो फिर शायद शरद पवार पाला भी बदल लें, ऐसे भी कयास लग रहे हैं। इस बीच उनकी बेटी सुप्रिया सुले ने भी शरद पवार के मोदी के साथ मंच साझा करने को सही बताया है।उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में ऐसा होता है।नरेंद्र मोदी देश के पीएम हैं,वह अकेले बीजेपी के प्रधानमंत्री तो नहीं है उन्होंने इस आयोजन में कांग्रेस के सुशील कुमार शिंदे के जाने को लेकर भी यही तर्क दिया।
शरद पवार ने ही की थी मोदी से कार्यक्रम के लिए बात
एनसीपी के एक नेता ने शरद पवार से अपील की थी कि वह कार्यक्रम में न जाएं। इस पर शरद पवार ने उसे बताया था कि वह बीजेपी की रैली में नहीं जा रहे हैं, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आयोजन में जा रहे हैं, जो देश के प्रधानमंत्री हैं। उन्होंने यह भी बताया कि उनकी तरफ से ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को न्योता के लिए संपर्क किया गया था। आयोजकों ने उनसे ही कहा था कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सम्मान देने और आयोजन में शामिल होने के लिए बात करें।उन्हें कहा कि ट्रस्ट की तरफ से मैंने ही प्रधानमंत्री से इसके लिए वे बात की थी।

