Piyush Goyal Attacks Rahul Gandhi: नई दिल्ली में 13 अक्टूबर को केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल और जेडीयू नेता राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर राहुल गांधी और कांग्रेस पर निशाना साधा। पीयूष गोयल ने राहुल गांधी को कांग्रेस के लिए सबसे बड़ा ‘रेड फ्लैग’ बताते हुए आरोप लगाया कि पार्टी चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाती है, लेकिन अपने पुराने रिकॉर्ड पर चर्चा करने से बचती है।
गोयल ने कहा कि कांग्रेस के कुछ नेताओं ने भी अलग-अलग मौकों पर चुनावी प्रक्रिया और चुनाव आयोग की तारीफ की है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बावजूद पार्टी की ओर से वोट चोरी और चुनाव में गड़बड़ी के दावे किए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने चुनाव आयोग को स्वतंत्र रूप से काम करने की व्यवस्था दी है।
टीएन शेषन और एमएस गिल का किया जिक्र
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए पीयूष गोयल ने पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त टीएन शेषन और एमएस गिल के उदाहरण दिए। उन्होंने सवाल उठाया कि चुनाव आयोग में शीर्ष पदों पर काम कर चुके कुछ अधिकारियों को बाद में राजनीतिक या सरकारी जिम्मेदारियां दिए जाने को किस नजरिए से देखा जाना चाहिए। उन्होंने टीकाराम मीणा और रतन यू केलकर को लेकर भी सवाल उठाए।
गोयल ने दावा किया कि पहले मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति में सरकार की भूमिका प्रमुख थी, जबकि 2023 में बनाए गए कानून के तहत चयन समिति में नेता प्रतिपक्ष को भी शामिल किया गया है।
चुनाव आयोग के मुद्दे पर विपक्ष का प्रदर्शन
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर बीजेपी और विपक्ष के बीच टकराव जारी है। विपक्षी इंडिया गठबंधन के नेताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन और कानूनी कार्रवाई की पहल की है। सोमवार को गठबंधन के नेताओं ने दिल्ली में मार्च निकाला और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ याचिका दाखिल की।
इस मुद्दे पर दोनों पक्षों के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। जहां बीजेपी कांग्रेस के पुराने फैसलों पर सवाल उठा रही है, वहीं विपक्ष चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर अपनी आपत्तियां दर्ज करा रहा है।

