बीरेंद्र कुमार झा
मिशन 2024 में जुटी बीजेपी ने बड़े लक्ष्य को साधने के लिए एक बार फिर से यूपी में ओमप्रकाश राजभर के नेतृत्व वाली सुभासपा को अपने से जोड़ा है। इसका सबसे बड़ा कारण पूर्वांचल में 2019 में बीजेपी के हाथ से निकली 6 लोकसभा सीटें हैं जिसे बीजेपी इस बार हरहाल में कब्जे में लेना चाहती है।इसके अलावा पूर्वांचल की 2 सीटें भी ऐसी है जहां पर बीजेपी न्यूनतम अंतर से जीती थी। राजभर के जुड़ने का लाभ बीजेपी को अवध क्षेत्र की कई सीटों पर भी मिल सकता है।
आजमगढ़ और वाराणसी मंडल में बीजेपी को लगा था बड़ा झटका
पूर्वांचल में बीजेपी की हारी 6 सीटों में अंबेडकर नगर, आजमगढ़, गाजीपुर, घोसी, लालगंज और जौनपुर हैं ।आजमगढ़ में बीजेपी प्रत्याशी समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव से बड़े अंतर से हारे थे। अन्य सीटों पर बीजेपी प्रत्याशियों को बीएसपी के हाथों हार का मुंह देखना पड़ा था अंबेडकर नगर, गाजीपुर घोसी, आजमगढ़ जिले की लालगंज सीट और जौनपुर में बीएसपी को जीत मिली थी।
वर्ष 2019 में समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी गठबंधन का पूरा जोर आजमगढ़ व वाराणसी मंडल में दिखा था।इन दो मंडलों में विपक्ष को 5 सीटें मिल गई थी।यह दोनों मंडल ऐसे हैं, जहां पर ओमप्रकाश राजभर लगातार सक्रिय रहते हैं। इनकी पार्टी के अधिकांश विधायक भी इन्हीं मंडलों से हैं।
मछलीशहर और बलिया को बचाने की कोशिश भी है इस गठबंधन से
2019 के लोकसभा चुनाव में मछलीशहर सीट पर बीजेपी प्रत्याशी को महज 181 मतों से जीत हासिल हुई थी। बलिया में भी बीजेपी प्रत्याशी को समाजवादी प्रत्याशी से कड़ी टक्कर मिली थी और यहां बीजेपी 15529 मतों से जीती थी।मछलीशहर में ओमप्रकाश राजभर के प्रत्याशी को एक 11,000 और बलिया में 35900 वोट मिले थे। राजभर यदि विपक्षी खेमे का हिस्सा बने रहते तो इन दोनों सीटों को बचाने में भी बीजेपी को काफी मशक्कत करनी पड़ती। राजभर को जोड़ते हुए बीजेपी ने इन दोनों सीटों पर अपने जीत आसान बनाने की कोशिश की है।
अपनी बिरादरी का वोट ट्रांसफर कराने का माद्दा रखते हैं राजभर
अकेले में भले ही ओमप्रकाश राजभर कोई करामात ना कर सकें लेकिन गठबंधन में रहते हुए वे अपनी बिरादरी का वोट ट्रांसफर कराने का माद्दा रखते हैं।2022 विधानसभा चुनाव में यह दिखा भी।आजमगढ़ गाजीपुर जिले की सभी विधानसभा सीटें बीजेपी हार गई। बलिया में बीजेपी को 7 में से महज एक सीट पर जीत हासिल हुई और जौनपुर में 9 में से महज 2 विधानसभा सीटें ही बीजेपी जीत पाई थी।
ओमप्रकाश राजभर का कोई भरोसा नहीं :शिवपाल
समाजवादी पार्टी नेता शिवपाल यादव ने ओमप्रकाश राजभर को निशाने पर लेते हुए कहा कि वह कब कहां चले जाएंगे इसका कोई भरोसा नहीं है। उनका कोई एक ठिकाना नहीं है । शिवपाल ने कहा कि ओमप्रकाश राजभर अब अपने विधानसभा क्षेत्र जहूराबाद से अब चुनाव नहीं जीत पाएंगे।अगले साल होने वाले आम चुनाव में यहां बीजेपी की सरकार नहीं बनेगी। जनता अब लगातार मजबूत हो रही है ,यह अब विपक्षी दलों के गठबंधन को ही जीताएगी।

