बीरेंद्र कुमार झा
ईरान के विदेश मंत्री हुसैन अमीराब्दुल्लाहियन ने कहा कि अगर इसराइल ने गाजा में घुसपैठ करने का फैसला किया तो विरोध करने वाले इसराइल को उसके ही सैनिकों के कब्रिस्तान में बदल देंगे। यह बात मीडिया की खबरों में कही गई ।उनका यह बयान कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी से मुलाकात के बाद आया है।ईरान के विदेश मंत्री ने कहा कि गाजा पट्टी में किसी भी इजरायली जमीनी हमले से मध्यपूर्व में बाकी जगहों पर भी संघर्ष बढ़ सकता है। अमीराब्दुल्लाहियन ने अमेरिका को इजरायल की कठपुतली करार दिया है।गौरतलब है कि इसराइल और हमास के बीच 7 अक्टूबर से ही जंग जारी है।
अमेरिका को भी नुकसान
अमीराब्दुल्लाहियन ने कहा की अमेरिका इजरायल की मूर्ति और कठपुतली को सुरक्षित करने के लिए आगे आया है। अगर युद्ध का दायरा बढ़ा तो अमेरिका का भी भारी नुकसान होगा। इसराइल ने अपने टैंकों को गाजा के साथ लगती सीमा
पर तैनात करना शुरू कर दिया है, क्योंकि घिरे फिलिस्तीनी क्षेत्र में लगातार बमबारी हो रही है।जमीनी हमले की आशंका के बीच इजरायल द्वारा उत्तरी गाजा के 11 लाख निवासियों को दक्षिण में जाने और गाजा क्षेत्र खाली करने का आदेश देने के बाद हजारों फिलिस्तीनी विस्थापित हुए हैं। इजरायली हवाई हमले में 724 बच्चों सहित कम से कम ₹2329 फिलिस्तीन मारे गए है।
1300 इसराइलियों की मौत
हमास के सैन्य अभियान में मारे गए इसराइलियों की संख्या 1300 है ।इसमें 286 सैनिक शामिल है।इजराइल सेना का कहना है कि हिजबुल्ला लड़ाकू के मिसाइल हमले में उसके क्षेत्र में एक व्यक्ति के मारे जाने के बाद वह लेबनान में लक्ष्य पर हमला कर रही है। अल जजीरा के रिपोर्ट के अनुसार यह तब हुआ, जब ईरान ने इसराइल को चेतावनी दी है कि यदि इजरायली सेना जमीनी आक्रमण के लिए गाजा में प्रवेश करती है,तो क्षेत्रीय तनाव बढ़ जाएगा।
दोनों तरफ से दी जा रही है चेतावनी
अमीराब्दुल्लाहियन ने कहा कि अगर गाजा पट्टी में बच्चों को मारने वाले इजरायली हमलों को तुरंत रोकने के उद्देश्य से किए गए उपाय गतिरोध में समाप्त होते हैं तो इस बात की अत्यधिक संभावना है कि युद्ध के कई अन्य मोर्चे खुल जाएंगे ।इस विकल्प को खारिज नहीं किया गया है अब इसकी संभावना बढ़ती चली जा रही है। ईरान लंबे समय से गाजा में हमास के साथ-साथ लेबनानी आतंकी समूह हिजबुल्ला का समर्थन करता आ रहा है। अमेरिका और इसराइल दोनों ने गाजा के युद्ध में शामिल होने या स्थिति का फायदा उठाने की कोशिश करने के खिलाफ चेतावनी दी है।
