चोरी हो जाए फोन तो तुरंत करने चाहिए ये 4 काम जिससे वापस मिल सकता है डिवाइस

0
7

आज हम सभी के लिए स्मार्टफोन किसी पर्सनल कंप्यूटर से कम नहीं है। फोन में आज तमाम जरूरी चैट्स, डॉक्यूमेंट्स, तस्वीरों से लेकर काम के ऐप्स आदि मौजूद रहते हैं। ऐसे में फोन खो जाए या फिर चोरी हो जाए, तो स्मूथ तरीके से चल रही जिंदगी जैसे पटरी से उतर जाती है। हालांकि, ऐसा किसी के साथ भी हो सकता है लेकिन अधिक्तर लोगों को अंदाजा ही नहीं रहता कि फोन चोरी होने पर करना क्या चाहिए? अधिकतर लोग पुलिस में शिकायत तक करना जरूरी नहीं समझते।

हालांकि इससे न सिर्फ आपके सिम या फोन का गलत इस्तेमाल हो सकता है बल्कि आपको और भी ज्यादा वित्तीय नुकसान पहुंचाया जा सकता है। ऐसे में पता होना जरूरी है कि फोन के चोरी होने या गुम होने पर तुरंत क्या करना है? इससे आप और ज्यादा नुकसान को टाल पाते हैं और आपके खोए फोन के वापस मिलने की संभावना भी बढ़ जाती है।

गौरतलब है कि दूरसंचार विभाग ने मई 2023 में इस काम को आसान बनाने के लिए संचार साथी नाम से पोर्टल भी लॉन्च किया था। इस पोर्टल के लॉन्च के बाद से 30 करोड़ से ज्यादा बार विजिट किया जा चुका है। इतना ही नहीं ये इस प्लेटफॉर्म की क्षमता का अंदाजा आप इस बात से लगा सकते हैं कि इसकी मदद से 50 लाख से ज्यादा संदिग्ध कनेक्शन बंद किए जा चुके हैं और 14 लाख से ज्यादा खोए फोन बरामद भी हो चुके हैं।
अगर आपका फोन खोता या चोरी हो जाता है, तो सबसे पहले आपको Google Find Hub की मदद से उसे ट्रैक करने की कोशिश करनी चाहिए। इसके लिए आप Google Find Hub पर उस ईमेल की मदद से फोन की लोकेशन ट्रैक कर सकते हैं, जो कि फोन में भी एक्टिव थी। अगर आपका फोन चालू हो और इंटरनेट से जुड़ा हो, तो उसे आप ट्रैक करने के साथ-साथ रिमोटली लॉक कर सकते हैं या फिर अपना पूरा पर्सनल डेटा मिटा (इरेज) सकते हैं।

अगर आप iPhone यूजर हैं, तो Find My की मदद से यही सब काम कर सकते हैं।

अगर किसी वजह से आप फोन तक Google Find Hub या Apple Find My की मदद से नहीं पहुंच पा रहे हैं, तो आपका अगला कदम अपने फोन की ई-एफआईआर दर्ज कराना होना चाहिए। यह काम ऑनलाइन कर सकते हैं और शिकायत की कॉपी अपने पास संभालकर जरूर रखें।

ई-एफआईआर दर्ज कराने के बाद तुरंत अपना डुप्लीकेट सिम कार्ड प्राप्त करें। इसके लिए आपको अपने टेलीकॉम ऑपरेटर के स्टोर पर जाना होगा। वेरिफिकेशन के बाद आपको आपका सिम कार्ड जारी कर दिया जाएगा। अपना सिम कार्ड एक्टिवेट न कराने से आपके साथ वित्तीय धोखाधड़ी का खतरा भी रहता है।

इतना काम होने के बाद आप संचार साथी पोर्टल पर जाकर अपने फोन के IMEI नंबर को ब्लॉक कर सकते हैं। इससे कोई भी आपके डिवाइस में सिम डालकर उसे इस्तेमाल नही कर पाएगा। साथ ही आपके फोन के एक्टिवेट होते ही उसकी ट्रेसिंग की जानकारी सीधे पुलिस को मिल जाएगी।

इसके लिए sancharsaathi.gov.in या ceir.gov.in पर जाएं।
होमपेज पर आपको Block Stolen/Lost Mobile का ऑप्शन मिलेगा, उस पर क्लिक करें।
इसके बाद अपने खोए हुए डिवाइस की डिटेल्स भरें जैसे कि दोनों IMEI नंबर, मोबाइल नंबर, डिवाइस का ब्रांड और मॉडल आदि।
इसके बाद बताएं कि आपका फोन कहां, कब खोया या चोरी हुआ था और संबंधित पुलिस स्टेशन को भी चुनें।

इसके बाद पुलिस में दर्ज कराई गई शिकायत या ई-एफआईआर की डिजिटल कॉपी और फोन का बिल अपलोड करें।
इसके बाद अपनी डिटेल्स जैसे कि नाम, पता और कोई ID प्रूफ अपलोड कर दें।
अपने डुप्लीकेट सिम पर आए OTP को दर्ज करके फॉर्म को सबमिट कर दें।
इसके बाद मिलने वाली Request ID को संभाल कर रखें। इसकी मदद से आप स्टेटस को चेक कर पाएंगे।
फोन खोने या चोरी होने पर अगर आप इन स्टेप्स को फॉलो करते हैं, तो न सिर्फ आप किसी संभावित वित्तीय नुकसान से बचते हैं बल्कि आप अपने सिम और फोन के गलत इस्तेमाल को भी रोक सकते हैं।
इसके अलावा प्रोसेस को पूरा करने की वजह से इस बात की संभावना भी बढ़ जाती है कि आपका फोन आपको वापस मिल सके।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here