बीरेंद्र कुमार झा
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत जुल्फिकार अली भुट्टो की पोती फातिमा भुट्टो ने अपनी शादी के बाद हिंदू मंदिर के दर्शन कर नई मिसाल कायम की। फातिमा के इस कदम से सोशल मीडिया पर हलचल मच गई। कुछ लोगों ने उनकी तारीफ की, तो कई अन्य लोगों ने पूछा कि वह वहां क्या करने गई थी? फातिमा पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत बेनजीर भुट्टो की भतीजी और मुर्तजा भुट्टो की बेटी है। गुरुवार को उसने दादा के पुस्तकालय में सादगी से निकाह किया।
फातिमा और उनके पति ग्राहम जिब्रान ने महादेव मंदिर में दूध चढ़ाया
फातिमा भुट्टो और उनके पति ग्राहम जिब्रान ने रविवार को कराची में ऐतिहासिक महादेव मंदिर जाकर सोशल मीडिया पर हलचल पैदा कर दिया। वह हिंदू सिंधियों के सम्मान में मंदिर पहुंचे थे, जिनकी जड़ें प्राचीन काल से कराची में जुड़ी हुई हैं। मीडिया में आई खबरों के अनुसार फातिमा के पति ग्राहम जिब्रान ईसाई और अमेरिकी नागरिक हैं । फातिमा के साथ उनके भाई जुल्फिकार अली भुट्टो जूनियर और हिंदू नेता भी मौजूद थे। उन्होंने और उनके पति ने महादेव पर दूध चढ़ाया ।
फातिमा के मंदिर जाने पर बवाल
फातिमा और उनके पति के इस कदम को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों ने मिली जुली प्रतिक्रिया व्यक्त की है। टि्वटर अकाउंट सिंधी अर्जक ने तस्वीर पर टिप्पणी की, तस्वीरें देखकर बहुत अच्छा लगा। एक अन्य यूजर ने लिखा बहुत बढ़िया, हालांकि कई अन्य ने पूछा वह वहां क्या करने गई थी? कुलसुम मुगल नामक यूजर ने ट्वीट लिखा इस रस्म का मतलब क्या है? एक अन्य यूजर ने लिखा अच्छा सिंधी धर्म निरपेक्षता का मतलब हिंदूवाद का अनुसरण करना होता है!
