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अंतिम चरण के चुनाव में टीएमसी और बीजेपी में कांटे की टक्कर ,चार सीटों पर टीएमसी की अग्निपरीक्षा 

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न्यूज़ डेस्क 
अंतिम चरण के चुनाव में आज सबसे ज्यादा टीएमसी की अग्नि परीक्षा है। पिछले चुनाव में इन सीटों पर शिकस्त खा चुकी भाजपा इस बार तृणमूल कांग्रेस को कड़ी टक्कर देने जा रही है। नौ सीटों में से चार सीटें कड़े मुकाबले में फंसती दिख रही हैं जिनमें से तीन सीट पर भाजपा से कड़ा मुकाबला है। दो सीटों पर टीएमसी का किला सुरक्षित माना जा रहा है।

पश्चिम बंगाल की दमदम, बारासात, बशीरहाट, जयनगर, मथुरापुर, डायमंड हार्बर, जादवपुर, कोलकाता दक्षिण और कोलकाता उत्तर लोकसभा सीटों पर आज मतदान होगा। इन सीटों पर महिला मतदाताओं में संदेशखाली का असर दिख रहा है। दोनों प्रमुख दलों के बीच दमदम, बारासात, बशीरहाट और जादवपुर सीटों पर मुकाबला फंस गया लगता है। आखिरी वक्त में मतदाताओं का मिजाज ही हार-जीत तय करेगा।

पहली बार तीन लोकसभा सीटों जयनगर, मथुरापुर और कोलकाता उत्तर में गढ़ बचाने के लिए तृणमूल को पसीना बहाना पड़ रहा है। उधर, डायमंड हार्बर और कोलकाता दक्षिण में स्थिति टीएमसी के लिए ज्यादा सहज दिख रही है। हालांकि कई लोग दावा कर रहे हैं कि कोलकाता दक्षिण से भी परिणाम चौंकाने वाले आ सकते हैं।

मथुरापुर सीट में भाजपा प्रत्याशी अशोक पुरकायथ मैदान में हैं। उनके सामने उन्हीं के नामराशि दो निर्दलीय प्रत्याशी भी ताल ठोक रहे हैं। इनमें एक अशोके पुरकायथ और दूसरे अशोके सरदार हैं। 
उधर, टीएमसी के बापी हलदार के साथ ही उनके नामराशि बापी हलदार भी निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं। बैलेट लिस्ट के क्रम में एआईएसएफ और भाजपा का नंबर ऊपर-नीचे है। ऐसे में मतदाताओं की गलती से एक के पक्ष का मत दूसरे के खाते में जाने की आशंका बढ़ गई है। इसका सीधा नुकसान भाजपा को उठाना पड़ सकता है।

बारासात, बशीरहाट, जयनगर और मथुरापुर में तृणमूल का खेल बिगाड़ने में एआईएसएफ की भी अहम भूमिका हो सकती है। जयनगर में तो एआईएसएफ के साथ ही एसयूसीआई और माकपा भी तृणमूल कांग्रेस की परेशानी बढ़ा सकते हैं।

सातवें चरण में शामिल बशीरहाट लोकसभा सीट के सात विधानसभा क्षेत्रों में से एक है संदेशखाली, जहां इस साल की शुरुआत में महिलाओं पर अत्याचार और स्थानीय किसानों की जबरन जमीन हड़पने का विवाद सामने आया। आरोपों के बाद हुई जांच ने इस मुद्दे को और गर्मा दिया।

संदेशखाली में महिलाओं पर अत्याचार का मुद्दा बशीरहाट के दूसरे सभी मुद्दों पर हावी है। यहां हुए कांड की गूंज दिल्ली तक पहुंची है, इसी का नतीजा था कि मुखर होकर प्रदर्शन करने वाली स्थानीय महिला रेखा पात्रा को भाजपा ने अपना उम्मीदवार बनाया। बशीरहाट लोकसभा सीट यों तो कुल 15 उम्मीदवार मैदान में हैं, पर मुख्य मुकाबला भाजपा और टीएमसी के बीच ही है।

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