Bihar News: बिहार सरकार ने राज्य में राशन वितरण व्यवस्था को लेकर बड़ा सख्त रुख अपनाया है। खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि 30 जून 2026 तक हर हाल में शत-प्रतिशत CMR (Custom Milled Rice) चावल की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। साथ ही राशन वितरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता मिलने पर तत्काल कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
यह निर्देश बुधवार को आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में दिए गए। बैठक की अध्यक्षता खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव दीपक आनंद ने की।
राशन लाभार्थियों को समय पर मिलेगा गुणवत्तापूर्ण खाद्यान्न
बैठक में सचिव ने अधिकारियों को साफ कहा कि लाभार्थियों तक तय मात्रा में गुणवत्तापूर्ण खाद्यान्न समय पर पहुंचाना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अनुश्रवण व्यवस्था को और मजबूत बनाने का निर्देश दिया ताकि CMR चावल आपूर्ति में किसी प्रकार की देरी न हो।
उन्होंने कहा कि अगर खाद्यान्न वितरण में शिकायत मिली तो संबंधित अधिकारियों और कर्मियों के खिलाफ तुरंत सख्त कार्रवाई की जाएगी।

PMGKAY और AAY लाभार्थियों के लिए मांगी गई विशेष रिपोर्ट
बैठक में प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना और अंत्योदय अन्न योजना के लाभार्थियों को मिलने वाले अरवा और उसना चावल की वास्तविक मांग का अध्ययन कराने का भी निर्देश दिया गया।
अधिकारियों को 30 जून 2026 तक विस्तृत रिपोर्ट सौंपने के लिए कहा गया है, ताकि भविष्य में जरूरत के अनुसार खाद्यान्न आपूर्ति की बेहतर योजना बनाई जा सके।
मसूर खरीद अभियान को मिशन मोड में चलाने का निर्देश
समीक्षा बैठक में “रबी विपणन मौसम 2026-27” के तहत मसूर अधिप्राप्ति अभियान की भी समीक्षा हुई। सचिव दीपक आनंद ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों से अधिक से अधिक मसूर खरीद सुनिश्चित की जाए ताकि उन्हें न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी MSP का लाभ मिल सके।
उन्होंने कहा कि खरीद प्रक्रिया को मिशन मोड में चलाया जाए और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
कई विभागों और एजेंसियों के अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में विभाग के विशेष सचिव विभूति रंजन चौधरी, विशेष कार्य पदाधिकारी विनोद कुमार तिवारी, बिहार राज्य खाद्य एवं असैनिक आपूर्ति निगम के प्रबंध निदेशक सुनील कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
इसके अलावा NAFED, NCCF और सहकारिता विभाग के प्रतिनिधियों ने भी बैठक में भाग लिया।
जनप्रतिनिधियों और आम लोगों से रोज मिलेंगे सचिव
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने यह भी जानकारी दी कि विभागीय सचिव प्रतिदिन दोपहर 1 बजे से 2 बजे तक जनप्रतिनिधियों और आम आगंतुकों से मुलाकात करेंगे, ताकि विभागीय समस्याओं और शिकायतों का त्वरित समाधान हो सके।

