Bihar News: बिहार में प्रतियोगी परीक्षाओं को अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और त्रुटिरहित बनाने की दिशा में सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्दर ने रविवार को राज्य के विभिन्न नियुक्ति एवं चयन आयोगों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की।
इस महत्वपूर्ण बैठक में बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC), बिहार तकनीकी सेवा आयोग (BTSC), बिहार कर्मचारी चयन आयोग (BSSC) समेत अन्य आयोगों के अध्यक्ष, सचिव और सदस्य सचिव शामिल हुए।
परीक्षा व्यवस्था को हाईटेक बनाने पर जोर
बैठक में राज्य में आयोजित होने वाली विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के सफल, पारदर्शी और त्रुटिरहित संचालन को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही परीक्षा प्रक्रिया को और अधिक मजबूत, प्रभावी और तकनीक-सक्षम बनाने के लिए आयोगों से सुझाव भी लिए गए।
अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्दर ने निर्देश दिया कि परीक्षा संचालन में उच्चतम स्तर की पारदर्शिता, समयबद्धता और विश्वसनीयता सुनिश्चित की जाए ताकि अभ्यर्थियों को निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था मिल सके।
प्रशासनिक और तकनीकी सिस्टम होगा मजबूत
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े प्रशासनिक और तकनीकी तंत्र को और मजबूत बनाया जाएगा। इसके तहत परीक्षा प्रबंधन, निगरानी प्रणाली और तकनीकी सुधारों पर विशेष फोकस रहेगा।
सरकार का मानना है कि इससे परीक्षा प्रक्रिया में होने वाली गड़बड़ियों और त्रुटियों पर प्रभावी नियंत्रण लगाया जा सकेगा।
आयोगों से लिए गए महत्वपूर्ण सुझाव
बैठक में विभिन्न आयोगों ने परीक्षा संचालन को बेहतर बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए। इन सुझावों के आधार पर आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं में संस्थागत और सुधारात्मक कदम उठाने पर सहमति बनी।
अभ्यर्थियों को मिलेगा बड़ा फायदा
सरकार की इस पहल से लाखों अभ्यर्थियों को पारदर्शी और व्यवस्थित परीक्षा प्रणाली का लाभ मिलेगा। साथ ही भर्ती प्रक्रियाओं में भरोसा और विश्वसनीयता भी बढ़ेगी।

