पटना: बिहार में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), पटना का निरीक्षण किया और संस्थान के विस्तार, चिकित्सा सुविधाओं तथा भविष्य की विकास योजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार एम्स, पटना के विकास से जुड़े हर आवश्यक कार्य में पूरा सहयोग देगी।

एम्स के विस्तार के लिए मिलेगी 24 एकड़ अतिरिक्त जमीन
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि एम्स, पटना के विस्तार के लिए राज्य सरकार 24 एकड़ अतिरिक्त भूमि उपलब्ध कराने में हरसंभव सहयोग करेगी। इस भूमि के उपलब्ध होने के बाद अस्पताल में करीब 200 नए बेड जोड़े जाएंगे, जिससे मरीजों को बेहतर उपचार सुविधा मिल सकेगी और संस्थान की क्षमता में उल्लेखनीय बढ़ोतरी होगी।

एम्स से नाथूपुर तक बनेगी फोर लेन सड़क
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि एम्स, पटना से नाथूपुर तक प्रस्तावित फोर लेन सड़क का निर्माण जल्द पूरा कराया जाए। उन्होंने कहा कि इस सड़क के बनने से मरीजों, उनके परिजनों और आम लोगों को अस्पताल तक आने-जाने में काफी सुविधा मिलेगी और यातायात भी सुगम होगा।

बर्न मरीजों के इलाज के लिए बनेगी स्किन स्टोरेज सुविधा
गंभीर रूप से झुलसे मरीजों के बेहतर इलाज के लिए मुख्यमंत्री ने एम्स में स्किन स्टोरेज (त्वचा भंडारण) सुविधा विकसित करने का भी भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस परियोजना में पूरा सहयोग करेगी ताकि बर्न मरीजों को समय पर और आधुनिक उपचार उपलब्ध कराया जा सके।

निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री बर्न वार्ड भी पहुंचे, जहां उन्होंने भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत कर इलाज और उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने मरीजों का हौसला बढ़ाते हुए उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
आधुनिक चिकित्सा विभागों का लिया जायजा

मुख्यमंत्री ने एम्स के विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने डिपार्टमेंट ऑफ न्यूक्लियर मेडिसिन में स्थापित पीईटी-सीटी रूम, स्पेक्ट-सीटी रूम और रेडियो फार्मेसी लैब का अवलोकन किया। इसके अलावा उन्होंने ऑन्कोलॉजी विभाग, एनाटॉमी विभाग तथा ओपीडी की व्यवस्थाओं की भी विस्तार से समीक्षा की और अधिकारियों से आवश्यक जानकारी प्राप्त की।
एम्स परिसर का तालाब बनेगा नया आकर्षण

निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने एम्स परिसर में स्थित तालाब का भी जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि तालाब का जीर्णोद्धार कर उसे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ पर्यटन और आकर्षण के केंद्र के रूप में विकसित किया जाए। उनका कहना था कि इससे परिसर की सुंदरता बढ़ेगी और लोगों को एक बेहतर सार्वजनिक स्थल भी मिलेगा।
स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत बनाने पर सरकार का जोर

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार सरकार राज्य में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और आधुनिक चिकित्सा अधोसंरचना विकसित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि एम्स, पटना के विकास से जुड़े सभी महत्वपूर्ण कार्यों में राज्य सरकार हर स्तर पर सहयोग करती रहेगी।

इस निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, सचिव लोकेश कुमार सिंह, स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि, विशेष सचिव अरविंद कुमार चौधरी, बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BMSICL) के प्रबंध निदेशक सुब्रत कुमार सेन, एम्स पटना के निदेशक प्रो. (ब्रिगेडियर) डॉ. राजू अग्रवाल सहित स्वास्थ्य विभाग और एम्स के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।


