Bihar News: बिहार की बदलती तस्वीर और विकास की नई पहचान को लेकर सूचना एवं जनसंपर्क विभाग (आईपीआरडी) के मंत्री श्रवण कुमार ने बड़ा बयान दिया है। सोमवार को सूचना भवन के संवाद कक्ष में प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के वरिष्ठ पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले 20 वर्षों में सरकार द्वारा किए गए सकारात्मक कार्यों की वजह से बिहार की छवि देश-दुनिया में बेहतर हुई है।
उन्होंने कहा कि इस बदलाव को लोगों तक पहुंचाने में मीडिया ने बेहद अहम और सराहनीय भूमिका निभाई है। सरकार की योजनाओं और विकास कार्यों को जन-जन तक पहुंचाने में मीडिया एक मजबूत सेतु बनकर सामने आया है।
“बिहार को लेकर नकारात्मक सोच बदली”
आईपीआरडी मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि एक समय बिहार को लेकर देश और विदेश में नकारात्मक सोच बनी हुई थी, लेकिन पिछले दो दशकों में विकास और सकारात्मक खबरों ने उस धारणा को काफी हद तक बदल दिया है।
उन्होंने मीडिया की तारीफ करते हुए कहा कि प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया ने महिला सशक्तिकरण, ग्रामीण विकास और गांवों की तरक्की से जुड़ी योजनाओं को प्रमुखता से दिखाया, जिससे बिहार की नई पहचान बनी।
मंत्री ने कहा कि बिहार अब सिर्फ राजनीति के लिए नहीं, बल्कि विकास और सुशासन के मॉडल के रूप में भी चर्चा में है।
“नई सरकार में विकास की इमारत होगी और मजबूत”
श्रवण कुमार ने कहा कि उन्हें पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के लंबे कार्यकाल में भी मंत्री पद की जिम्मेदारी मिली थी और अब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की नई कैबिनेट में भी सेवा करने का मौका मिला है।
उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार के शासनकाल में विकास की जो मजबूत नींव रखी गई थी, नई सरकार उस इमारत को और अधिक मजबूत बनाएगी। उन्होंने भरोसा जताया कि सरकार और मीडिया मिलकर बिहार को प्रगति और समृद्धि की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएंगे।
मीडिया से की खास अपील
मंत्री ने मीडिया प्रतिनिधियों से अपील करते हुए कहा कि राज्य को और बेहतर बनाने के लिए सरकारी योजनाओं और उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाना जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि कहीं किसी तरह की कमी या चूक नजर आती है, तो मीडिया उसे रचनात्मक तरीके से सामने लाए, ताकि सरकार समय रहते सुधार कर सके।
उन्होंने कहा कि सकारात्मक आलोचना और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता विकास की रफ्तार को और मजबूत बनाने में मदद करती है।
अधिकारियों की मौजूदगी में हुई अहम बातचीत
इस मौके पर आईपीआरडी के निदेशक अनिल कुमार, अपर सचिव राजीव कुमार सिंह, संयुक्त निदेशक रवि भूषण सहाय समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं और उनके प्रचार-प्रसार को लेकर भी विस्तृत चर्चा हुई।

