Homeदेशकांग्रेस के ढुलमुल रवैया को देखते हुए उद्धव ठाकरे ने नीतीश को...

कांग्रेस के ढुलमुल रवैया को देखते हुए उद्धव ठाकरे ने नीतीश को लगाया फोन

Published on

 

बीरेंद्र कुमार झा

लोकसभा चुनाव 2024 में अब कुछ ही महीने का वक्त बचा है, लेकिन विपक्षी गठबंधन इंडिया में सीट बंटवारे को लेकर अभी तक कोई आम सहमति नहीं बन पाया है। विपक्षी गठबंधन में शामिल दलों की तरफ से अपनी – अपनी पार्टी के लिए बड़चढ़ कर सीटों की मांग की जा रही है।इतना ही नहीं ये एक – दूसरे को कमतर भी आंक रहे हैं।यही कारण है की अब जबकि लोकसभा चुनाव 2024 में मुश्किल से 3-4 महीने का समय बचा है फिर भी इंडिया गठबंधन में सीटों को लेकर कोई अंतिम निर्णय नहीं हो पा रहा है।बात उत्तर प्रदेश ,महाराष्ट्र और बिहार की करें तो अकेले इन तीन राज्यों में लोकसभा के 168 सीटें आती है।विपक्षी गठबंधन इंडिया इन राज्यों में भी सीट शेयरिंग पर तैयार नहीं हो सका है। महाराष्ट्र में जहां शिवसेना (यूबीटी) और कांग्रेस में तनातनी है , तो उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस में तनातनी है। बिहार में अभी राजनीतिक उथल – पुथल मचा हुआ है।ऐसे में जेडीयू और आरजेडी की तरफ से अभी कोई दावे नहीं हुए हैं। वहां सिर्फ कांग्रेस ही 10 सीटों पर दावा कर रही है।

इस सब के बीच उद्धव ठाकरे ने नीतीश कुमार से फोन पर बातचीत की। उन्होंने नीतीश कुमार से कहा कि हमें कुछ आगे करने की जरूरत है ,क्योंकि कांग्रेस की तरफ से जो संकेत मिलने चाहिए, चीजों को आगे बढ़ाने के लिए जो पहल होने चाहिए, वह नहीं हो रहा है। इस पर नीतीश कुमार ने कहा कि मैं इसके लिए तैयार हूं।इसके बाद से ही वर्चुअल मीटिंग करने और नीतीश कुमार को इंडिया गठबंधन का संयोजक बनने की बात होने लगी ।

अयोध्या में प्राण – प्रतिष्ठा के बाद जल्दी ही चुनाव की घोषणा होने का सता रहा डर

चुनाव आयोग ने जनवरी के दूसरे सप्ताह से विभिन्न राज्यों में चुनाव को लेकर तैयारी का निरीक्षण करने का मन बना लिया है। इससे पता चलता है की चुनाव आयोग मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा के बाद जल्दी ही किसी समय चुनाव की घोषणा कर सकता है। वैसे भी पूर्व से चुनाव आयोग द्वारा फरवरी में चुनाव घोषणा करने की बातें सूत्रों से प्राप्त हो रही है।

अयोध्या में रामलला के प्राण प्रतिष्ठा के बाद लोकसभा चुनाव की घोषणा होने का डर विपक्षी गठबंधन इंडिया के घटक दल के नेताओं को भी होने लगा है। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार उद्धव ठाकरे ने नीतीश कुमार को फोन कर कहा कि भाई ऐसे कैसे काम चलेगा! अभी तक हम लोगों ने कुछ नहीं किया है। हमारी कोई रैली नहीं हुई है।कोई संयोजक नहीं बना है। सीट शेयरिंग की कोई बातचीत आगे नहीं बढ़ पा रही है। इसके जवाब में नीतीश कुमार ने कहा कि हां ऐसा तो है और 22 जनवरी को अयोध्या में भगवान राम के मंदिर में जो प्राण प्रतिष्ठा होने वाली है ,उसके बाद हो सकता है कि देश में आम चुनाव की घोषणा हो जाए, तो ऐसे में अब हमारे पास समय कहां बचा है !समय तो अब है ही नहीं ,जल्दी ही कुछ करना होगा।

इंडिया गठबंधन को तेजी से फैसला करने की जरूरत

विपक्षी गठबंधन इंडिया में फिलहाल तमाम निर्णय की जिम्मेदारी एक प्रकार से कांग्रेस के माथे पर है गठबंधन में एक टूटा दिखाने से लेकर सीट शेयरिंग और तमाम बड़े मुद्दे की जिम्मेदारी इस समय कांग्रेस को दी गई है लेकिन कांग्रेस पार्टी अभी तक तेजी से इन चीजों को निपटने में विफल रही है ऐसे में अगर इंडिया गठबंधन को भाजपा के सामने कोई भी चुनौती पेश करनी है तो उसे अपने फैसलों में तेजी लानी होगी।

Latest articles

भोपाल कॉन्फ्रेंस में CJI की मौजूदगी में न्यायिक रोडमैप तय

चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया और सुप्रीम कोर्ट, 25 राज्यों के हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस...

बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर राहुल के साइन नहीं? कांग्रेस ने बताई वजह

#RahulGandhi# signature # no-confidencemotion #Birla #missing#Congress #explains the reason विपक्ष ने मंगलवार को लोकसभा स्पीकर...

खाते में पैसे आये और मिनटों में उड़ गए, ये है नया डिजिटल स्कैम

आज के डिजिटल दौर में ठगी के तरीके जितनी तेजी से बदल रहे हैं,...

हर घूंट पानी के बाद यूरिन क्यों आता है? जानिए क्या है कारण और शरीर का पूरा साइंस

हम सभी को बचपन से यही सिखाया जाता है कि दिन भर में खूब...

More like this

भोपाल कॉन्फ्रेंस में CJI की मौजूदगी में न्यायिक रोडमैप तय

चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया और सुप्रीम कोर्ट, 25 राज्यों के हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस...

बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर राहुल के साइन नहीं? कांग्रेस ने बताई वजह

#RahulGandhi# signature # no-confidencemotion #Birla #missing#Congress #explains the reason विपक्ष ने मंगलवार को लोकसभा स्पीकर...

खाते में पैसे आये और मिनटों में उड़ गए, ये है नया डिजिटल स्कैम

आज के डिजिटल दौर में ठगी के तरीके जितनी तेजी से बदल रहे हैं,...