बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए की धमाकेदार जीत के बाद पीएम मोदी का जश्न काफी वायरल हुआ था। जिसमें उन्होंने गमछा लहराते हुए कहा था गरदा उड़ा दिया।अब पीएम मोदी ने कोयंबटूर में एक जनसभा को संबोधित करते हुए गमछा लहराने की चर्चा कर दी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोयंबटूर में जनसभा को संबोधित करते हुए कहा-् कि जब मैं यहां मंच पर आया तो मैंने देखा कि कई किसान हवा में अपना गमछा लहरा रहे थे। मुझे ऐसा लगा जैसे बिहार की हवा मुझसे पहले ही यहां पहुंच गई हो।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीएम-किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त बुधवार को जारी की। 9 करोड़ लाभार्थियों के बैंक खातों में 18,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे हस्तांतरित की गई। पीएम मोदी ने कहा कि कुछ समय पहले, हमने इसी मंच से प्रधानमंत्री-किसान सम्मान निधि की अगली किस्त जारी की थी। देश के कोने-कोने में किसानों को 18,000 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए गए।तमिलनाडु के लाखों किसानों को भी प्रधानमंत्री-किसान सम्मान निधि के तहत उनके खातों में धनराशि प्राप्त हुई है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि प्राकृतिक खेती मेरे दिल के बहुत करीब का विषय है।मैं तमिलनाडु के सभी किसानों को इस अद्भुत दक्षिण भारत प्राकृतिक खेती शिखर सम्मेलन के आयोजन के लिए शुभकामनाएं देता हूं। मैं प्रदर्शनी देख रहा था। मुझे कई किसानों से बात करने का अवसर मिला।किसी ने मैकेनिकल इंजीनियरिंग की है, पीएचडी की है और फिर खेती कर रहा है, कोई नासा छोड़कर खेती कर रहा है, वे कई युवाओं को तैयार कर रहे हैं और प्रशिक्षित कर रहे हैं। मैं इसे सार्वजनिक रूप से स्वीकार करता हूं, अगर मैं इस कार्यक्रम में नहीं आया होता, तो मैं अपने जीवन में बहुत कुछ खो देता। आज यहां आकर, मैंने बहुत कुछ सीखा है।मैं तमिलनाडु के किसानों के साहस को सलाम करता हूं, मैं बदलाव को स्वीकार करने की उनकी शक्ति को सलाम करता हूं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोयंबटूर में दक्षिण भारत प्राकृतिक कृषि शिखर सम्मेलन में सुरक्षाकर्मियों से दो युवतियों द्वारा लाए गए तख्तियां लाने का आग्रह किया। उन्होंने युवतियों से कहा कि मैं आपके संदेश को बहुत गंभीरता से लूंगा।
