AIIMS ने हाल ही में हार्ट अटैक से संबंधित एक रिसर्च की है।इस रिसर्च में देश में अचानक हुई मौतों और कोविड-19 वैक्सीन के बीच किसी भी लिंक को गलत ठहराया गया है।अध्ययन में पाया गया की COVID-19 वैक्सीन का हार्ट अटैक से कोई लेना देना नहीं हैं।गौरतलब है कि एक समय तक हार्ट अटैक केवल बड़ी उम्र के लोगों के लिए एक समस्या थी, लेकिन आज के समय में यह कम उम्र के लोगों के लिए भी काफी चिंताजनक बन गया है। AIIMS के किए गए अध्ययन के अनुसार, आज के समय में हार्ट अटैक से मरने वालों के संख्या में सबसे ज्यादा 18 से 45 वर्ष के लोगों की है।
दरअसल, ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जिसमें स्वस्थ दिखने वाला व्यक्ति अचानक आए हार्ट अटैक से गिर कर अपनी जान को खो बैठता है।AIIMS ने अध्ययन में पाया कि वर्तमान में 57.2 प्रतिशत से ज्यादा होने वाले मौतों का मुख्य कारण हृदय से संबंधित बीमारियां ही हैं। सबसे ज्यादा हृदय से संबंधित होने वाली मुख्य बीमारियां कोरोनरी आर्टरी डिजीज है।इसमें हृदय को खून पहुंचाने वाली धमनियों के किसी कारण से ब्लॉक हो जाने के कारण हृदय में ऑक्सीजन का संचालन नहीं हो पाता है।
हार्ट अटैक होने के पहले कुछ लक्षण दिखते हैं।इन लक्षणों में सबसे पहला लक्षण, हर समय रहने वाली थकान है, यह तब होता है जब हमारा हृदय उचित मात्रा में रक्त शरीर तक नहीं पम्प कर पाता है।इसके कारण आपका शरीर मामूली कामों को कर के भी थका हुआ महसूस करने लगता है।यह लक्षण आज के समय में काफी ज्यादा सामान्य है। इससे लोग कई बार अनदेखा कर देते हैं। इसके अलावा अगर हर समय सोने का मन, शरीर को पूरा आराम मिलने पर भी थकान और हर छोटे से काम को करके भी थकान महसूस हो तो इनको नजरअंदाज न करें।
बार-बार चक्कर आना भी इसके बड़े लक्षणों में एक है। इसका मतलब दिमाग में उचित मात्रा में रक्त प्रवाह नहीं हो पा रहा है।कुछ केस में ऐसा इसलिए भी हो सकता है, जब आपके शरीर में पानी की कमी हो या आप अचानक से उठते है, ऐसे में यह ज्यादा गंभीर नहीं है।
इसके साथ ही आपको अगर मामूली से कार्य को करने पर भी सांस लेने में दिक्क्त होती है तो यह हार्ट अटैक का लक्षण हो सकता है। इसका मुख्य कारण आपके हृदय का आपके शरीर को उचित मात्रा में ब्लड पम्प न कर पाने के कारण होता है।कम उम्र के लोगों में इस कारण फेफड़ों में पानी भर जाता है. इसके कारण उन्हें सांस लेने में काफी ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ता हैं।
अगर आपको बार-बार जबड़े, गर्दन और पीठ के ऊपरी भाग में दर्द रहता है।तो ऐसे में आपको डॉक्टर को दिखाना चाहिए। केवल सीने में दर्द होना ही हार्ट अटैक का संकेत नहीं है। हार्ट अटैक आने से पहले कई लोग खासकर महिलाओं में उल्टी, बिना किसी कारण के बार-बार बहुत ज्यादा पसीना आना और अपच होने जैसी समस्याओं को देखा गया है।कुछ लोगों को यह लक्षण काफी ज्यादा मामूली लग सकता है।साधारणतया इन लक्षणों को ज्यादा चिंता लेना या किसी चीज को खाने के कारण होने वाले संकेतों में गिना जाता है।इन्हें नजरअंदाज करने से आप अपनी या अपने परिवार में किसी करीबी की जान को खो सकते है।
