- बीरेंद्र कुमार झा
पुलवामा के शहीदों की वीरांगनाओं के मुद्दे पर राजस्थान में सियासी बवाल जारी है।2019 के पुलवामा आतंकी हमले में जान गंवाने वाले जवानों की विधवाओं के विरोध के मामले को लेकर जयपुर में बीजेपी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने आज जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान बीजेपी समर्थकों ने बैरिकेडिंग भी तोड़ दी। हालांकि पुलिस के जवान प्रदर्शन स्थल को घेरे हुए हैं। जानकारी के मुताबिक पुलिस ने विरोध प्रदर्शन कर रहे कई बीजेपी कार्यकर्ताओं और नेताओं को हिरासत में ले लिया है।
गहलोत सरकार के मंत्री ने बीजेपी को घेरा
राजस्थान की गहलोत सरकार में मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने जयपुर में कहा कि पुलवामा हमले में शहीद हुए जवान के परिवारों के मामले में गहलोत सरकार उनके साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि बीजेपी इस मुद्दे का राजनीतिकरण कर रही है। प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा अगर इस मामले में मुझे किसी से भी बात करने की जरूरत पड़ी तो मैं करूंगा। मैं मुख्यमंत्री जी से भी बात करूंगा।
गहलोत सरकार के खिलाफ विरोध को आगे बढ़ाएंगे
बीजेपी के वरिष्ठ नेता राजेंद्र सिंह राठौड़ ने कहा कि हमने आज विरोध शुरू किया है और हम इसे जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि राजस्थान की अशोक गहलोत की सरकार जिस तरह का व्यवहार कर रही है, वह लोकतंत्र का अपमान है। बीजेपी नेता ने कहा कि हम राज्य के हर कोने में सरकार के खिलाफ विरोध को आगे बढ़ाएंगे।इससे पहले पुलवामा के शहीदों के परिजनों को धरना स्थल से हटाने पर बीजेपी प्रवक्ता राज्यवर्धन राठौर ने प्रेस वार्ता कर राजस्थान सरकार और कांग्रेस पर जमकर हमला बोला। वहीं मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस मामले में बीजेपी नेताओं पर राजनीतिक रोटियां सेकने का आरोप लगाया है।
राजस्थान वीरो की भूमि है
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि राजस्थान वीरों की भूमि है। यहां के हजारों सैनिकों ने मातृभूमि के लिए अपना बलिदान दिया है।यहां की जनता एवं सरकार शहीदों का सबसे अधिक सम्मान करती है। उन्होंने कहा कि कारगिल युद्ध के दौरान में स्वयं राजस्थान के 56 शहीदों के घर जाकर उनके परिवार के दुख में शामिल हुआ। इसी बात को मैंने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह एवं कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के साथ भी साझा किया है।
