बीरेंद्र कुमार झा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अरुणाचल यात्रा से बौखलाए चीन को भारत ने करारा जवाब दे दिया है ।भारत ने साफ कर दिया है कि अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न अंग था ,है और आगे भी रहेगा।विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा कि हम चीनी आधिकारिक प्रवक्ता द्वारा की गई टिप्पणियों को पूरी तरह से खारिज करते हैं। अरिंदम बागची ने कहा कि भारतीय नेता नियमित रूप से अरुणाचल प्रदेश का वैसे ही दौरा करते हैं, जैसे अन्य राज्यों का दौरा करते हैं। अरुणाचल प्रदेश भी अन्य राज्यों की तरह भारत का हिस्सा है, इसलिए वहां हमारे नेता अक्सर जाते रहते हैं और आगे भी जाते रहेंगे।
गृह मंत्री अमित शाह के अरुणाचल दौरे से चीन को लगी मिर्ची
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के अरुणाचल प्रदेश के दौरे की आलोचना करते हुए चीन ने कहा कि इससे उस क्षेत्र पर चीनी संप्रभुता का उल्लंघन हुआ है। इसके कुछ दिन पहले ही भारत ने इस क्षेत्र पर अपना दावा ठोकने के प्रयास में सीमावर्ती राज्य के कुछ स्थानों के नाम बदलने के चीनी कदम की आलोचना की थी।
अमित शाह ने किबिथु गांव में वाइब्रेंट विलेजर्स प्रोग्राम (VVP) की की शुरुआत
गौरतलब है कि गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को भारत चीन सीमा से लगे किबिथु गांव में वाइब्रेंट विलेजर्स प्रोग्राम (VVP) की शुरुआत की।उन्होंने कहा कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार सीमावर्ती इलाकों की सुरक्षा और विकास के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने चीन की सीमा से लगे इस गांव में अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री के पेमा खाडू, उपमुख्यमंत्री चाऊना मीन और अन्य नेताओं के साथ एक बैठक के बाद यह टिप्पणी की।
भारत और चीन के बीच जारी है विवाद
मई 2020 में शुरू हुए सीमा गतिरोध के बाद चीन ने अरुणाचल प्रदेश में स्थानों का नाम बदला। उस गतिरोध के बाद भारत ने भीअरुणाचल प्रदेश सेक्टर में वास्तविक नियंत्रण रेखा एलएसी (LAC) पर अपनी संभावित सैन्य तैयारियों को मजबूत बनाया है।

