न्यूज़ डेस्क
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पोर्न स्टार स्टॉर्मी डेनियल को पैसा देकर चुप रखने के मामले में गिरफ्तार कर लिया गया है। मैनहटट्न की अदालत में पहले वे पेश हुए। खुद को सरेंडर किया और फिर उनकी गिरफ़्तारी हो गई। गिरफ्तारी से पहले उन्होंने अपने समर्थको को ईमेल के जरिये एक संदेश भी भेजा। उन्होंने संदेश में कहा है कि अमेरिका ‘मार्क्सवादी तीसरी दुनिया’ का देश बनता जा रहा है। इसमें उन्होंने कहा कि मेरी गिरफ्तारी से पहले यह मेरा आखिरी ईमेल है। ट्रंप की गिरफ्तारी के बाद अमेरिका में तनाव बढ़ने की संभावना भी जताई जा रही है। हालांकि अमेरिका के इतिहास की यह पहली घटना है जिसमे किसी राष्ट्रपति की गिरफ़्तारी की गई है। सच्चे लोकतंत्र की यह एक बानगी कही जा सकती है। लोकतंत्र वही है जिसमे आम जनता और राष्ट्रपति की गलती को एक ही तराजू में तौला जाता है। भारत को इस घटना से सबक लेने की जरूरत है।
ट्रंप ने लिखा कि आज हम अमेरिका में न्याय के खत्म होने का शोक मनाते हैं। आज वह दिन है जब एक सत्तारूढ़ राजनीतिक दल अपने प्रमुख प्रतिद्वंद्वी को कोई अपराध नहीं करने के लिए गिरफ्तार करता है। उन्होंने आगे लिखा जैसाकि मैं अगले कुछ घंटों के लिए कमीशन से बाहर रहूंगा, मैं इस समय पर आप सभी के समर्थन के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं।
ट्रंप ने अपने मेल में लिखा कि हमारा देश एक थर्ल्ड वर्ल्ड कम्युनिस्ट का देश बनता जा रहा है, जो असहमति को अपराधी बना देता है और अपने राजनीतिक विरोध को जेल में डाल देता है, लेकिन अमेरिका में उम्मीद मत खोइए! हम एक ऐसे राष्ट्र हैं जिसने दुनिया के सबसे बड़े साम्राज्य से अपनी स्वतंत्रता की घोषणा की, दो विश्व युद्ध जीते, और पहले आतमी को आदमी चाँद पर उतारा। ट्रंप ने आगे लिखा, ‘हमारा आंदोलन बहुत आगे निकल चुका है। मेरे मन में कोई संदेह नहीं है कि हम एक बार फिर जीतेंगे और 2024 में व्हाइट हाउस पहुंचेंगे।
बता दें कि ट्रंप पर एक पोर्न स्टार को भुगतान करने का आरोप सिद्ध हुआ है। एक ग्रैंड जूरी जांच ने उनके खिलाफ अभियोग की मंजूरी दी थी। ऐसे में वह आपराधिक आरोपों का सामना करने वाले पहले पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति हैं। इस बीच, स्टॉर्मी ने कहा है कि वह पूर्व राष्ट्रपति से नहीं डरती हैं। ट्रंप पर आरोप है कि उन्होंने पोर्न स्टार को 1.30 लाख डॉलर का गुप्त तरीके से भुगतान किया था। वहीं, सीएनएन के अनुसार, उनके वकील ने कहा था कि पूर्व राष्ट्रपति स्वेच्छा से न्यूयॉर्क कानून प्रवर्तन के सामने आत्मसमर्पण करेंगे और कानूनी चुनौतियों का सामना करने की योजना बना रहे हैं।

