न्यूयॉर्क: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में सुधार की भारत की मांग को संयुक्त राष्ट्र की ओर से समर्थन मिला है। महासचिव के प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने कहा कि सुरक्षा परिषद में बदलाव की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही है और इस दिशा में आम सहमति बनाने में भारत की भूमिका अहम हो सकती है।
दुजारिक ने कहा कि मौजूदा सुरक्षा परिषद की संरचना आज की वैश्विक वास्तविकताओं का पूरी तरह प्रतिनिधित्व नहीं करती। उनके मुताबिक, सुरक्षा परिषद और अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों सहित वैश्विक संस्थाओं को 1945 के बजाय मौजूदा दौर की परिस्थितियों को प्रतिबिंबित करना चाहिए।
BRICS और Global South पर भी जोर
ब्रिक्स के संदर्भ में दुजारिक ने कहा कि विकासशील देशों की आवाज मजबूत करने के लिए वैश्विक वित्तीय संस्थानों और व्यापार व्यवस्था में व्यापक सुधार जरूरी हैं। उन्होंने बहुपक्षवाद को मजबूत करने और देशों के बीच सहयोग बढ़ाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। आतंकवाद को उन्होंने वैश्विक चुनौती बताते हुए इसके खिलाफ बिना किसी दोहरे मानदंड के संयुक्त प्रयास की बात कही।
पीएम मोदी ने भी उठाई UNSC Reform की मांग
इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में कहा कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधार को अब टाला नहीं जा सकता। उन्होंने सुधार प्रक्रिया को स्पष्ट समयसीमा और ठोस परिणामों से जोड़ने की जरूरत बताई। मोदी ने यह भी कहा कि वैश्विक अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले देशों को अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के फैसलों में भी उचित प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।

