World Test Championship: भारतीय टेस्ट टीम के लिए श्रीलंका दौरा बेहद अहम होने वाला है। ICC वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025-27 के मौजूदा चक्र में भारत अभी पांचवें स्थान पर है और श्रीलंका छठे पायदान पर है। ऐसे में 15 अगस्त से शुरू होने वाली दो टेस्ट मैचों की सीरीज भारत के लिए WTC पॉइंट्स टेबल में अपनी स्थिति मजबूत करने का बड़ा मौका है।
भारत इससे पहले WTC के 2021 और 2023 के फाइनल में पहुंच चुका है, लेकिन दोनों बार खिताब जीतने से चूक गया। अब टीम की कोशिश तीसरी बार फाइनल में जगह बनाने की है। हालांकि, इसके लिए आने वाले मुकाबलों में लगातार बेहतरीन प्रदर्शन करना होगा।
श्रीलंका सीरीज क्यों है इतनी महत्वपूर्ण?
भारत और श्रीलंका के बीच दो टेस्ट मैचों की सीरीज 15 से 27 अगस्त तक खेली जाएगी। पहला मुकाबला 15 अगस्त से गॉल इंटरनेशनल स्टेडियम में और दूसरा टेस्ट 23 अगस्त से कोलंबो के SSC मैदान पर होगा। दोनों मुकाबले मौजूदा WTC 2025-27 चक्र का हिस्सा हैं।
WTC की अंक तालिका में भारत और श्रीलंका फिलहाल क्रमशः पांचवें और छठे स्थान पर हैं। इसलिए इस सीरीज का नतीजा दोनों टीमों की फाइनल की दौड़ पर सीधा असर डाल सकता है।
भारत के पास अभी कितने टेस्ट बाकी हैं?
भारत को WTC चक्र में श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट के बाद न्यूजीलैंड के खिलाफ दो और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच टेस्ट खेलने हैं। यानी श्रीलंका सीरीज के साथ भारत के सामने कुल नौ टेस्ट का चरण बचता है।
यही वजह है कि श्रीलंका में मिलने वाले हर अंक की अहमियत बढ़ गई है। भारत अगर दोनों मुकाबले जीतने में सफल रहता है तो फाइनल की दौड़ में उसकी स्थिति काफी बेहतर हो सकती है।
WTC फाइनल में पहुंचने के लिए कितने मैच जीतने होंगे?
भारत के लिए समीकरण आसान नहीं है। उपलब्ध गणनाओं के मुताबिक टीम को अपने बचे हुए नौ टेस्ट में कम से कम सात जीत हासिल करने की जरूरत पड़ सकती है, ताकि उसका पॉइंट्स प्रतिशत मजबूत स्थिति में पहुंच सके।
यानी आने वाले नौ मुकाबलों में भारत को लगभग 77.8 प्रतिशत मैच जीतने होंगे। सभी नौ टेस्ट जीतना भारत को बेहद मजबूत स्थिति में पहुंचा देगा, जबकि आठ जीत भी फाइनल की उम्मीदों को काफी मजबूत रख सकती हैं।
हालांकि, WTC में फाइनल की अंतिम तस्वीर सिर्फ भारत के नतीजों से तय नहीं होगी। दूसरी टीमों के परिणाम, अंक और पॉइंट्स प्रतिशत भी समीकरण बदल सकते हैं। इसलिए किसी एक निश्चित जीत संख्या को अपने-आप फाइनल की गारंटी मानना सही नहीं होगा।
श्रीलंका को 2-0 से हराना क्यों जरूरी?
भारत अगर श्रीलंका को दोनों टेस्ट में हरा देता है तो उसे सीरीज से अधिकतम अंक मिलेंगे और WTC पॉइंट्स प्रतिशत सुधारने में मदद मिलेगी। इसके बाद न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाले मुकाबले और भी महत्वपूर्ण हो जाएंगे।
खास बात यह है कि भारत को आगे घर और विदेश दोनों परिस्थितियों में चुनौतीपूर्ण टेस्ट खेलने हैं। इसलिए श्रीलंका के खिलाफ खराब शुरुआत से टीम की आगे की राह मुश्किल हो सकती है।
भारत के सामने बड़ी चुनौती
भारतीय टीम इस सीरीज में कई अहम खिलाड़ियों की फिटनेस और उपलब्धता को लेकर भी चुनौतियों का सामना कर रही है। BCCI ने श्रीलंका दौरे के लिए शुबमन गिल की कप्तानी में टीम घोषित की थी। जसप्रीत बुमराह और साई सुदर्शन की उपलब्धता फिटनेस क्लीयरेंस से जुड़ी थी।
वहीं, टीम में नए चेहरों को भी मौका दिया गया है। मैनव सुथार ने अफगानिस्तान के खिलाफ अपने टेस्ट डेब्यू में प्रभावशाली प्रदर्शन किया था, जबकि गूर्णूर बराड़ को भी टेस्ट टीम में शामिल किया गया है।

