भूकंप की वजह से भयंकर तबाही, मलबे में तब्दील हुईं इमारतें, 800 से ज्यादा लोगों की मौत

0
77

अफगानिस्तान में रविवार (31 अगस्त) रात आए भूकंप की वजह से 800 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई।एएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक सैकड़ों लोग घायल भी हुए हैं। कुनार प्रांत में आए भूकंप की रिक्टर पैमाने पर तीव्रता 6.0 मापी गई।सोमवार (1 सितंबर) सुबह मरने वालों की संख्या 250 तक थी, लेकिन इसके दोपहर तक यह बढ़कर 800 के पार पहुंच गई।भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने इसको लेकर चिंता जाहिर की है

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट के जरिए भूकंप पीड़ितों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है।साथ ही घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना भी की है। उन्होंने आश्वासन दिया कि भारत इस मुश्किल घड़ी में अफगानिस्तान को हरसंभव मदद मुहैया कराएगा।

अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के मुताबिक 31 अगस्त को स्थानीय समयानुसार रात 11:47 बजे अफगानिस्तान के पूर्वी हिस्से में 6.0 तीव्रता का भूकंप आया।भूकंप का केंद्र 27 किलोमीटर दूर और आठ किलोमीटर की गहराई पर था। अफगानिस्तान भूकंप के प्रति काफी संवेदनशील है, क्योंकि यह कई फॉल्ट लाइनों के ऊपर स्थित है। यहां भारतीय और यूरेशियन प्लेटें मिलती हैं।पूर्वी अफगानिस्तान का पहाड़ी इलाका भूस्खलन के लिए भी संवेदनशील है, जिससे आपातकालीन स्थिति में बचाव कार्य करना मुश्किल हो जाता है।

तालिबान सरकार ने बचाव कार्य के लिए टीमों को तैनात कर दिया है।घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है।भूकंप की वजह से सैकड़ों घर मलबे में तब्दील हो गए हैं।पिछले साल पश्चिमी भाग में आए भूकंपों में 1,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई थी।

इससे पहले, 7 अक्टूबर 2023 को अफगानिस्तान में 6.3 तीव्रता का भूकंप आया था। तालिबान सरकार ने अनुमान लगाया था कि इस प्राकृतिक आपदा में कम से कम 4,000 लोग मारे गए थे।यह हाल के दिनों में आई सबसे घातक प्राकृतिक आपदा थी।

संयुक्त राष्ट्र की एक रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले एक दशक में अफगानिस्तान में भूकंप की वजह से 7,000 से ज्यादा लोग मारे गए हैं। भूकंप से हर साल औसतन 560 मौतें होती हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here