आम आदमी पार्टी (आप) की राज्यसभा सदस्य स्वाति मालीवाल के साथ कथित तौर पर मारपीट और बदसलूकी करने वाले अरविंद केजरीवाल के पीए बिभव कुमार की जमानत याचिका पर मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत में सुनवाई हुई।सुनवाई के बाद अदालत ने सोमवार शाम चार बजे तकअपना फैसला सुरक्षित रख लिया। इस दौरान सांसद स्वाति मालीवाल भी कोर्ट पहुंची थीं। सुनवाई के दौरान कोर्ट में आप सांसद स्वाति मालीवाल ने फिर से मारपीट की बात दोहराई उन्होंने कहा कि बिभव कुमार ने उनके साथ मारपीट और बदसलूकी की है।हालांकि 4 बजे के बाद न्यायालय ने अपने फैसले में दिल्ली के मुख्य मंत्री अरविंद केजरीवाल के पीए विभव कुमार की जमानत याचिका खारिज कर दिया
बिभव कुमार पर क्या है आरोप
बिभव कुमार पर 13 मई को मुख्यमंत्री आवास पर स्वाति मालीवाल पर हमला करने का आरोप है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के निजी सहायक (पीए) बिभव कुमार को 24 मई को चार दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था।सोमवार को मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट’ गौरव गोयल ने इस मामले में दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया।
क्या आरोप लगाया है स्वाति मालीवाल ने
राज्यसभा सदस्य स्वाति मालीवाल ने अरविंद केजरीवाल के निजी सहायक विभव कुमार पर आरोप लगाया है कि 13 मई को जब वह मुख्यमंत्री से मिलने उनके आवास पर गई थीं तो केजरीवाल के निजी सहायक बिभव कुमार ने उनके साथ मारपीट और बदसलूकी की थी।
दिल्ली पुलिस ने बिभव कुमार पर जांच में सहयोग नहीं करने का किया दावा
पिछले शनिवार को दायर की गई उनकी अग्रिम जमानत याचिका को अदालत ने निरर्थक माना था।दिल्ली पुलिस ने दावा किया है कि विभव कुमार जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं।वे अपना जवाब देने में टाल-मटोल कर रहे हैं और उन्होंने अपने मोबाइल फोन का पासवर्ड भी नहीं बताया है।
दिल्ली के एलजी ने सीएम केजरीवाल की चुप्पी पर उठाया था सवाल
दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने मंगलवार को आम आदमी पार्टी की राज्यसभा सदस्य के साथ कथित मारपीट पर कहा कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गहरी चुप्पी महिलाओं की सुरक्षा पर उनके रुख के बारे में बहुत कुछ बोलती है।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को इस घटना पर टाल-मटोल और पैंतरेबाजी नहीं करनी चाहिए। उपराज्यपाल ने कहा था कि आम आदमी पार्टी की सांसद सुश्री स्वाति मालीवाल के साथ मुख्यमंत्री के आवास पर कथित मारपीट के मुद्दे पर पिछले कुछ दिनों से मीडिया में चल रहे खबरों से मैं बहुत व्यथित हूं। सक्सेना ने कहा, मालीवाल ने उन्हें बेहद पीड़ा से फोन किया और अपने दर्दनाक अनुभव और उसके बाद अपने ही सहयोगियों द्वारा उन्हें धमकाने और शर्मसार करने के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने सबूतों से कथित छेड़छाड़ और उनपर दबाव डालने पर भी चिंता व्यक्त की।
विभव कुमार की जमानत याचिका 4 बजे बाद हुई रद्द
दिल्ली की मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट द्वारा दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के पीए विभव कुमार पर स्वाति मालीवाल मामले में जमानत कि आज का सुनवाई करते हुए पहले 4:00 बजे तक निर्णय को सुरक्षित रख लिया गया था।लेकिन बाद में स्वाति मालीवाल की तरफ से उनके वकील ने इस मामले पर जोरदार बहस की। इसके बाद विभव कुमार की जमानत याचिका दिल्ली के मेट्रो पर्यटन मजिस्ट्रेट की अदालत से रद्द कर दी गई।मलिवक के वकील ने कहा कि अरविंद केजरीवाल के पीए विभव कुमार को जमानत मिलने से उनके मुवक्किल स्वाति मालीवाल और उनके परिवार वालों पर जान जाने का खतरा मंडरा जाएगा। इसके पक्ष में प्रमाण देते हुए स्वाति मालीवाल के परिवार ने कहा कि इस मामले में केस दर्ज करने के बाद आम आदमी पार्टी ने स्वाति मालीवाल के विरुद्ध प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए उन्हें बीजेपी का एजेंट बताया था,इसके अलावा मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी घटना के बाद पीए विभव कुमार को अपने साथ लेकर लखनऊ और विभिन्न कार्यक्रमों में भी गए थे ।

