विकास कुमार
आए दिन बीजेपी के कुछ नेता अल्पसंख्यक समाज के बारे में विवादित बयान देते रहते हैं,लेकिन इस बार तो बीजेपी के सांसद रमेश बिधूड़ी ने सारी सीमाओं को पार कर दीं । संसद में बोलते हुए रमेश बिधूड़ी ने बसपा सांसद कुंवर दानिश अली के खिलाफ बेहद आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया। दरअसल संसद में कार्यवाही के दौरान भाजपा सांसद रमेश बिधूड़ी चंद्रयान-3 मिशन और इसरो की सफलता पर बोल रहे थे,इस दौरान उन्होंने मोदी सरकार की तारीफ की जिस पर बसपा सांसद कुंवर दानिश अली ने रमेश बिधूड़ी के संबोधन के बीच उठकर कुछ सवाल उठाए। इसके बाद रमेश बिधूड़ी अपना आपा खो बैठे और अली के खिलाफ अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल किया।
रमेश बिधूड़ी ने जिस तरह से अल्पसंख्यक समाज के एक सांसद के खिलाफ जहर उगला,उस पर विपक्षी दलों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। कांग्रेस ने रमेश बिधूड़ी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। वहीं लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने भी रमेश बिधूड़ी को चेतावनी दी है और उन्हें सदन में मर्यादित भाषा का इस्तेमाल करने को कहा है। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने रमेश बिधूड़ी को सदन से निलंबित करने की मांग की,वहीं नेशनल कॉन्फ्रेंस नेता उमर अब्दुल्ला ने भी बीजेपी को खूब खरी खोटी सुनाई,उन्होंने कहा कि अगर उन्होंने आतंकवादी कहा है तो हमें इसकी आदत है। इन शब्दों का इस्तेमाल पूरे मुस्लिम समुदाय के खिलाफ किया गया था। मैं समझ नहीं पा रहा हूं कि भाजपा से जुड़े मुस्लिम इसे कैसे बर्दाश्त कर सकते हैं? इससे पता चलता है कि वह हमारे बारे में क्या सोचते हैं? उन्हें शर्म आनी चाहिए।
वहीं आरजेडी सांसद मनोज झा ने कहा कि प्रधानमंत्री के वसुधैव कुटुंबकम का यही सच है। झा ने कहा कि अभी तक पीएम मोदी ने रमेश बिधूड़ी को लेकर एक शब्द नहीं कहा है। विवाद बढ़ता देख रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सांसद रमेश बिधूड़ी के बयान पर माफी मांगी। राजनाथ सिंह के इस कदम की विपक्षी सांसदों ने भी तारीफ की।
बीजेपी आलाकमान को अपने बिगड़ैल नेताओं पर नकेल कसनी चाहिए,साथ ही स्पीकर ओम बिड़ला को भी बिधूड़ी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। मुस्लिम समाज भारत का अभिन्न अंग है,और हमारा संविधान हर धर्म को सम्मान देने की सीख देता है। ऐसे में अल्पसंख्यकों के खिलाफ अभद्र भाषा को स्वीकार नहीं किया जा सकता है।

