बीरेंद्र कुमार झा
‘ इंडिया’ यानी नए गठबंधन इंडियन नेशनल डेवलपमेंटअल इंक्लूसिव एलायंस के नाम के शॉर्ट फॉर्म ‘ इंडिया’ के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल हुई है।याचिकाकर्ता का कहना है कि इसके चलते चुनाव के दौरान देश की कानून व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। खबर है कि याचिकाकर्ता ने भारत निर्वाचन आयोग की तरफ से जबाव न मिलने पर अदालत का रुख किया है।हाई कोर्ट शुक्रवार को इसपर सुनवाई करने जा रहा है।
व्यापारी गिरीश भारद्वाज ने दर्ज की है याचिका
कारोबारी गिरीश भारद्वाज की तरफ से दाखिल याचिका में कहा गया कि आज तक भारत निर्वाचन आयोग ने राजनीतिक दलों को अपने राजनीतिक गठबंधन के लिए ‘ इंडिया’ नाम का इस्तेमाल करने से रोकने के लिए कोई कार्यवाही नहीं की है ।ऐसे में याचिकाकर्ता के पास जनहित याचिका दाखिल करने के अलावा कोई भी रास्ता नहीं बचता है।उन्होंने 19 जुलाई को चुनाव आयोग तक अपनी बात पहुंचाई थी।
सुक्रवार को हाई कोर्ट में होगी सुनवाई
चीफ जस्टिस सतीश चंद्र पाल शर्मा और जस्टिस संजीव नरूला की बेंच शुक्रवार को याचिका पर सुनवाई करेंगे।इस याचिका के जरिए कोर्ट से ‘ इंडिया’ नाम के इस्तेमाल पर रोक लगाने के निर्देश देने की मांग की गई है। साथ ही चुनाव आयोग और केंद्र सरकार की तरफ से भी उचित कदम उठाए जाने की मांग की गई है। याचिका में कहा गया है कि पार्टियों ने अनुचित फायदा उठाने के लिए गठबंधन का यह नाम रखा है।
क्या है याचिका में
*याचिका में कहा गया है कि शार्ट फॉर्म ‘ इंडिया’ नाम का इस्तेमाल राजनीतिक दलों ने सिर्फ सहानुभूति वोट हासिल करने के लिए किया है।इसमें आगे कहा गया है कि यह नामकरण राजनीतिक फायदों के लिए टूल के तौर पर इस्तेमाल करने और चिंगारी भड़काने के लिए किया है, जो आगे बढ़कर राजनीतिक नफरत और बाद में राजनीतिक हिंसा की वजह बन सकता है।
* याचिकाकर्ता का कहना है कि शॉर्ट फॉर्म ‘ इंडिया’ राष्ट्रीय प्रतीक का हिस्सा है और इसका राजनीतिक इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है
* याचिका के अनुसार इन राजनीतिक दलों का स्वार्थी काम आगामी 2024 के आम चुनावों के दौरान शांतिपूर्ण पारदर्शी और निष्पक्ष मतदान को प्रभावित कर सकता है ,जिसके चलते नागरिकों को अनुचित हिंसा का सामना करना पड़ सकता है।

