नई दिल्ली: आज साल का दूसरा और आखिरी सूर्यग्रहण है। सूर्य ग्रहण का सूतक काल ग्रहण से 12 घंटे पहले शुरू हो जाता है। साल का यह आखिरी आंशिक सूर्यग्रहण भारत के कई हिस्सों में दिखाई देगा। भारत में सूर्यग्रहण दिखाई देने से इसका सूतक काल मान्य होगा। जिसके कारण ग्रहण से संबंधित धार्मिक मान्यताएं का पालन किया जाएगा। जाएगी।
ग्रहण के कारण एक दिन बाद होगी गोवर्धन पूजा
हिंदू पंचांग के अनुसार हर वर्ष कार्तिक अमावस्या तिथि पर लक्ष्मी-गणेश की पूजा करते हुए दिवाली का त्योहार मनाया जाता है और अगले दिन गोवर्धन पूजा की जाती है। लेकिन इस बार दिवाली के तुरंत बाद ही आंशिक सूर्यग्रहण लगेगा। कई वर्षों बाद दिवाली के दूसरे दिन गोवर्धन पूजा न होकर एक दिन का अंतर है। दिवाली और गोवर्धन पूजा के बीच सूर्य ग्रहण का ऐसा संयोग कई वर्षो बाद पड़ रहा है। एक गणना के अनुसार पिछले 1300 वर्षों बाद सूर्य ग्रहण दो प्रमुख त्योहार के बीच पड़ने के साथ बुध, गुरु, शुक्र और शनि सभी अपनी-अपनी राशि में मौजूद रहेंगे।
दोपहर 2.29 से शुरू होगा सूर्य ग्रहण
भारत में ये सूर्य ग्रहण दिन में 2 बजकर 29 मिनट से आरंभ हो जाएगा और लगभग 4 घंटे 3 मिनट तक चलेगा। सूर्यास्त होने के बाद भी ग्रहण होगा। शाम 6 बजकर 32 मिनट पर ग्रहण की समाप्ति होगी
पूर्वी भारत को छोड़कर पूरे देश में देखा जाएगा सूर्य ग्रहण
भारत में ग्रहण नई दिल्ली, बेंगलुरु, कोलकाता, चेन्नई, उज्जैन, वाराणसी, मथुरा में दिखाई देगा। पूर्वी भारत को छोड़कर सारे भारत में इस आंशिक सूर्य ग्रहण को देखा जा सकता है।

